शाहजहांपुर। पुलिस चौकी उस्मान बाग स्थित श्री रुद्र बालाजी धाम में पितृ पक्ष के अवसर पर संगीतमयी श्रीमद्भागवत कथा एवं पितृ मोक्ष यज्ञ का शुभारंभ हुआ। प्रथम दिन व्यासपीठ पर आचार्य पं. अंकुर शुक्ल ब्रजरादास ने भागवत के प्रथम श्लोक से कथा का शुभारंभ किया।
उन्होंने श्रीमद्भागवत महापुराण की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि भागवत के प्रथम श्लोक में भगवान के दिव्य स्वरूप और लीलाओं का वर्णन है। भागवत को समझना साक्षात भगवान को समझने के समान है। जन्म-जन्मांतर के पुण्य उदय होने पर ही मनुष्य को ऐसे धार्मिक अनुष्ठान में शामिल होने का अवसर मिलता है।
पंडित डॉ. कान्हा कृष्ण शुक्ल ने बताया कि मंदिर परिसर में यह 19वीं भागवत कथा है। अतुल श्रीवास्तव, मधुबाला श्रीवास्तव, डॉ. आरके अवस्थी, डॉ. शालू अवस्थी आदि मौजूद रहे। संवाद
श्रीकृष्णजन्म की कथा सुनकर भावविभोर हुए श्रद्धालु
कुर्रियाकलां। गांव के शिव मंदिर परिसर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में कथा व्यास अनिल मिश्रा ने भगवान कृष्ण के जन्म का प्रसंग सुनाया। कथा सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। कथा व्यास ने कहा कि भगवान विष्णु ने देवकी और वासुदेव के आठवें पुत्र के रूप में श्रीकृष्ण के रूप में अवतार लिया। उनके जन्म के समय कारागार में दिव्य प्रकाश फैल गया और जेल के ताले अपने आप खुल गए। कथा के दौरान भाजपा नेता कौशल मिश्रा का अवनीश अग्निहोत्री ने राधा-कृष्ण का चित्र भेंटकर स्वागत किया। सत्यम वाजपेयी, मनमोहन द्विवेदी, उमेश अग्निहोत्री, उदित दीक्षित आदि मौजूद रहे। संवाद
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भागवत कथा का महत्व बताया
सिंधौली। बाबा शिव सिद्धेश्वर नाथ मंदिर परिसर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में शुक्रवार को श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। कथा व्यास पंडित नरेंद्र मोहन मिश्र ने भगवान की लीलाओं और भक्ति के महत्व का वर्णन किया। इस दौरान आशीष त्रिपाठी, विनीत दीक्षित, वासुदेव मिश्र, अनिल मिश्र, राजकुमार सिंह, पीयूष त्रिपाठी आदि मौजूद रहे। संवाद
शाहजहांपुर में भागवत कथा सुनाते अंकुर शुक्ला। स्रोत: आयोजक
शाहजहांपुर में भागवत कथा सुनाते अंकुर शुक्ला। स्रोत: आयोजक