लाला तेली बजरिया स्थित प्राचीन शिव मंदिर में पूजन करते पुजारी। स्रोत: स्वयं
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शाहजहांपुर। संतान की सुख-समृद्धि, स्वस्थ जीवन और दीर्घायु की कामना के लिए माताओं ने बुधवार को हल षष्ठी (हलछठ) का व्रत रखा। महिलाओं ने दिनभर उपवास रखकर घरों और मंदिरों में विधि-विधान से पूजन किया। इस दौरान मंदिरों में जयकारे गूंजते रहे।
लाला तेली बजरिया स्थित प्राचीन शिव बड़ा मंदिर में हल षष्ठी पर विशेष पूजा-अर्चना हुई। व्रती महिलाओं और श्रद्धालुओं ने हलधर भगवान का पूजन कर आरती उतारी। मंदिर के पुजारी सुरेश चंद्र मिश्रा ने विधि-विधान से पूजन कराया। उन्होंने बताया कि भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि को मनाए जाने वाले हल षष्ठी पर्व का विशेष धार्मिक महत्व है। यह पर्व भगवान श्रीकृष्ण के बड़े भाई बलराम से जुड़ा माना गया है।
महिलाओं ने हलधर भगवान की पूजा कर पुत्रों की लंबी आयु और परिवार की सुख-शांति की कामना की। पूजन में प्रेमवती मिश्रा, नेहा मिश्रा, चित्रांश मिश्रा, दिव्यांशी मिश्रा, मोनू मिश्रा, गणेश पाठक, साक्षी आदि मौजूद रहे।