मृतका राधा का फाइल फोटो। स्रोत: परिजन
जलालाबाद । मोहल्ला आजादनगर स्थित ससुराल में संदिग्ध हालात में आग में झुलसी विवाहिता राधा (30) की मंगलवार रात 18 दिन बाद इलाज के दाैरान माैत हो गई। मामले में उसकी सास को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। बाकी छह आरोपी अभी फरार हैं।
21 सितंबर को सुबह करीब नौ बजे आजादनगर निवासी वीकेश की पत्नी राधा अपने घर में आग लगने से गंभीर रूप से झुलस गईं थीं। उस वक्त घर में केवल राधा की सास पूर्णा देवी मौजूद थीं। वीकेश काम की तलाश में उत्तराखंड गए थे। पुलिस को पूछताछ में पता चला था कि घटना से कुछ दिन पति व सास से विवाद होने के बाद राधा मायके चली गई थी। कुछ दिन बाद राधा मायके से ससुराल लौटी और उसके अगले दिन यह घटना हो गई। राधा और वीकेश की यह दूसरी शादी थी। उनकी कोई संतान नहीं थी।
घटना के अगले दिन इस मामले में हरदोई के बिलग्राम थानांतर्गत गांव रफायतगंज निवासी राधा के भाई विजय ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें राधा के पति व सास समेत घर के सात सदस्यों के खिलाफ बहन को जलाकर मारने का प्रयास करने का आरोप था। पुलिस ने राधा की सास को रिपोर्ट दर्ज होते ही गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। मृतका के पति समेत अन्य आरोपी अभी फरार हैं। इंस्पेक्टर क्राइम रवि प्रसाद ने बताया कि महिला की मौत के बाद दर्ज रिपोर्ट को उचित धाराओं में तरमीम कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। अन्य आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।