शाहजहांपुर। उधार से इन्कार करने पर दुकानदार के पिता की गोली मारकर हत्या करने के दोषी को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उस पर 30 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
मीरानपुर कटरा के गांव लोहरगवां निवासी पूरन ने थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि वह गांव में किराने की दुकान चलाते हैं। 28 अप्रैल 2021 को उनसे गांव का मनीष उधार में सामान मांग रहा था। मना करने पर झगड़ा करने लगा। मनीष ने पूरन को धमकाया। चार मई की रात पूरन के पिता धनपाल घर के बाहर सो रहे थे।
देर रात मनीष ने तमंचे से उन्हें गोली मार दी। फायरिंग की आवाज सुनकर परिजन घर से बाहर आए तो देखा कि धनपाल लहूलुहान हालत में तख्त पर पड़े हुए थे। राजकीय मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने विवेचना के बाद आरोपपत्र अदालत भेजा। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान गवाहों के बयानात और साक्ष्यों के आधार पर एडीजे-11 ने मनीष को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।