शाहजहांपुर। सरकार ने रसोई गैस संकट से निपटने के लिए फ्यूल पंप पर केरोसिन की बिक्री करने का फैसला किया है। रसोई गैस के प्रचलन के बाद स्टोव का इस्तेमाल वर्षों पहले बंद हो चुका है। अब बाजार में कहीं स्टोव बिकते नजर नहीं आ रहे हैं।
रसोई गैस संकट ने पुराने दिनों की याद दिलाती है। घरों में चूल्हे पर खाना बनने लगा है। प्रतिष्ठानों पर कोयला और लकड़ी की भट्ठी का इस्तेमाल होने लगा है। इंडक्शन चूल्हा की मांग बढ़ी है।
रसोई गैस के संकट को खत्म करने के लिए सरकार ने केरोसिन की बिक्री फ्यूल पंप से करने का फैसला किया है। चिह्नित फ्यूल पंप में केरोसिन की बिक्री होगी। करीब 20 वर्ष पहले स्टोव की मांग खत्म हो गई थी। बाजार में दुकानदार भी स्टोव नहीं रख रहे हैं। चूल्हे और भट्ठी की अपेक्षा स्टोव से खाना बनाना महिलाओं के लिए आसान होगा। संवाद