मीरानपुर कटरा। 24 दिन से लापता किशोर के बदले परिवार को फिरौती के दो पत्र मिल चुके ह। परिवार अनहोनी की आशंका से सहमा है, मगर कटरा पुलिस किशोर को ढूंढने के बजाय अधिकारियों को गुमराह करने में लगी है। पत्र पर स्पष्ट लिखा है कि फिरौती की रकम कहां पहुंचानी है, लेकिन कटरा पुलिस पत्र पर रुपये पहुंचाने का स्थान न लिखा होने की बात कहकर अपहरण की घटना को संदिग्ध बता रही है। फिरौती का दूसरा पत्र मिलने के बाद एसपी ने किशोर की बरामदगी के लिए तीन टीमें लगाई हैं। वहीं सीओ ने भी बृहस्पतिवार को पीड़ित परिवार से मुलाकात कर किशोर को बरामद करने का भरोसा दिया।
कस्बा के मोहल्ला आतिशबाजान निवासी सविंदा बिजली कर्मचारी विजय मिश्रा का 15 वर्षीय पुत्र शरद मिश्रा 27 जनवरी से लापता है। पुलिस गुमशुदगी दर्ज करने के बाद अभी तक उसका सुराग नहीं लगा पाई है। वहीं विजय के घर चार फरवरी को आठ लाख की फिरौती देने का पत्र मिला, तब परिजन को आशंका हुई कि बेटे का किसी ने अपहरण कर लिया है। परिवार ने पुलिस से एक बार फिर गुहार लगाई, लेकिन पुलिस अपहृत का पता नहीं लगा पाई, वहीं फिरौती का पत्र दूसरी बार 18 फरवरी को फेंगा गया। इस बार आठ लाख न दे पाने पर पांच लाख रुपये की फिरौती मांगी गई, जिसमें रुपये फतेहगंज पूर्वी में बहगुल नदी पुल के किनारे कच्चे रास्ते पर गन्ने के खेत में खड़े सीमेंट के खंभे के नीचे दबाने की बात कही गई है। साथ ही पुलिस को सूचना देने पर बच्चे की हत्या करने की धमकी दी। जबकि कटरा पुलिस एसपी को गुमराह करने में लगी है। कटरा एसओ का कहना है कि पत्र पर फिरौती मांगने वाले ने रुपया कहां लाना है इस बात का जिक्र नहीं किया है। जाहिर है परिवार के पत्र दिखाने के बाद भी पुलिस ने फिरौती का पत्र पढ़ने की जरूरत नहीं समझी।
बुधवार को दोबारा फिरौती का पत्र मिलने पर एसपी के निर्देश पर तीन टीमों का गठन किया गया। जिसमें दो टीमें थाने से और एक क्राइम ब्रांच व एक सर्विलांस की टीम को लगाया गया है, लेकिन टीम बृहस्पतिवार को भी उसके बारे में कोई सुरागरसी नहीं कर पाई। इधर सीओ तिलहर मंगल सिंह रावत ने पीड़ित परिवार के घर बुधवार देर शाम पहुंचकर मामले की जानकारी की और अपहृत की बरामदगी का आश्वासन दिया।
अपहृत शरद की बरामदगी के लिए थाना स्तर से दो टीमें लगाई गईं हैं। क्राइम ब्रांच को भी लगाया गया है और सर्विलांस की मदद भी ली जा रही है। कोशिश है कि जल्द से जल्द शरद की सकुशल बरामदगी हो जाएगी। - डॉ. एस चन्नप्पा, एसपी