तिलहर में तहसीलदार को ज्ञापन देते भारतीय कृषक दल के पदाधिकारी। स्रोत : संगठन
तिलहर। लंबे समय तक धरना देने के बावजूद मांगों पर ध्यान नहीं देने पर भारतीय कृषक दल ने समग्र क्रांति जनजागरण अभियान के तहत सोमवार को चीनी मिल मैदान पर किसान पंचायत कर छुट्टा पशुओं और फसलों का समर्थन मूल्य दिए जाने आदि मुद्दे प्रमुखता से उठाए। मंगलवार से जन जागरण करने और आगामी 23 मार्च से जेल भरो आंदोलन शुरू करने की घोषणा की।
पंचायत में राष्ट्रीय अध्यक्ष सरोज दीक्षित ने केंद्र और प्रदेश सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए उन्हें किसान विरोधी बताया। उन्होंने कहा कि एक माह से अधिक समय तक धरना देने पर भी किसान हित की मांगें प्रशासन स्तर से नजरअंदाज की जा रही हैं। किसानों को उनकी उपज का न्यूनतम समर्थन मूल्य नहीं मिल रहा है और न ही छुट्टा पशु पकड़े जा रहे, लेकिन प्रशासन जवाबदेही से बच रहा है।
बाद में तहसीलदार दीपेंद्र कुमार को संगठन की ओर से डीएम के नाम दिए गए ज्ञापन में भी आंदोलन के आगामी चरणबद्ध कार्यक्रमों का विवरण दिया गया। विजयपाल यादव के संचालन में हुई पंचायत में राष्ट्रीय महासचिव प्रमोद यादव, विधि प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजप्रकाश चौहान, मंडल अध्यक्ष राजीव सक्सेना, प्रदेश सचिव संजय शर्मा, जिलाध्यक्ष भानुप्रताप गंगवार, रजनीश यादव, राष्ट्रवादी किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष पुष्पराज सिंह यादव आदि ने विचार व्यक्त किए।