पांचाल घाट से 51 लीटर जल लेकर जलालाबाद के परशुराम मंदिर जाते श्रद्धालु। संवाद
जलालाबाद। कांवड़ लेकर जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। इनमें गोला गोकर्णनाथ सहित क्षेत्र के विभिन्न शिवालयों में जाने वाले श्रद्धालु भी शामिल हैं। शुक्रवार को सुबह से गंगाजल से भरे कलश लेकर कांवड़ यात्री निकलने लगे। इनमें मदनापुर क्षेत्र के गांव फिरोजपुर स्थित शिव धाम, कांट के भैंसटाकलां और भगवान परशुराम मंदिर परिसर के नर्मदेश्वर शिव मंदिर जाने वाले श्रद्धालु भी शामिल रहे। रात में भी स्थानीय सहित आसपास के जनपदों के शिवभक्त हर-हर महादेव के उद्घोष के साथ ट्रैक्टर-ट्राॅली और अन्य वाहनों से फर्रुखाबाद के पांचाल घाट और मिर्जापुर के ढाई घाट के लिए निकलते रहे। सोमवार के बाद अगले दिन मंगलवार को शिवरात्रि के पर्व पर भगवान शिव को जल अर्पित करने की अधिक मान्यता होने के कारण शनिवार से कांवड़ यात्रियों की संख्या काफी बढ़ जाने के आसार हैं। संवाद
-
रेहरिया गांव के कांवड़ियों का जत्था हुआ रवाना
पुवायां। गांव रेहरिया से ट्रैक्टर ट्राॅली पर कांवड़ियों का जत्था बुधवार को घर से रवाना हुआ था। बृहस्पतिवार को कांवड़िये फर्रुखाबाद से गंगाजल लेकर चले थे। सभी कांवड़िये शाम को पुवायां के गांव आयूं स्थित टेढ़ेनाथ बाबा के स्थान पर पहुंचे। कांवड़ियों ने शाम को मंदिर में पूजा-अर्चना की। शुक्रवार सुबह कांवड़ यात्रा पुवायां से खुटार होते हुए गोला गोकर्णनाथ स्थित शिव मंदिर के लिए रवाना हो गई। कांवड़ यात्रा में टेढ़ेनाथ मंदिर पर भक्तों ने रंगों और फूलों की होली खेली। कांवड़ यात्रा में अतुल मिश्रा, संजीव मिश्रा, अमितेश, अजीत, शिवांग सुदेश, अंशुल,दीपक, शिवा, आर्यन, वीरेश, पारस, विकास, अर्पित, सुमित, सचिन, रामदेव आदि श्रद्धालु शामिल रहे। संवाद
पांचाल घाट से 51 लीटर जल लेकर जलालाबाद के परशुराम मंदिर जाते श्रद्धालु। संवाद