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रोजा में एफएसडीए ने पकड़ा ट्रक पर लोड घटिया अचार

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शाहजहांपुर। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग (एफएसडीए) के अधिकारियों को सर्विलांस से जुटाई गई गोपनीय जानकारी के आधार पर मंगलवार शाम उस वक्त बड़ी कामयाबी हाथ लग गई, जब लखनऊ-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग के जमुका बाईपास पर रोके गए ट्रक से दिल्ली की एक फैक्ट्री में निर्मित पचरंगा ब्रांड घटिया अचार भारी मात्रा में बरामद हो गया। अचार के साथ पकड़े गए बदायूं के धंधेबाजों ने पूछताछ मेें खुद स्वीकार किया कि इसे तेल के बजाय पानी, अखाद्य रंग, सिरका, टार्टरिक एसिड से बनाया गया है। एफएसडीए के अधिकारियों ने करीब 25 क्विंटल अचार जब्त कर अपने कब्जे मेें ले लिया और उसके दो नमूने भी लेकर प्रयोगशाला में जांच कराने को सील किए।
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हाईवे के ढाबों पर हो रहा था सप्लाई
एफएसडीए के अधिकारियों ने बीते सप्ताह जमुका बाईपास से दूध समेत वहां की दुकानों से मिठाइयों के नमूने लिए थे। इसी प्रवर्तन कार्रवाई के दौरान आसपास के लोगों से सुराग लगा था कि एक ट्रक से कुछ लोग अक्सर वहां आकर क्षेत्र के ढाबों पर घटिया अचार की सप्लाई करते हैं और उन्होंने अपना ठिकाना किसी अन्य जगह बना रखा है। इसी सूचना के आधार पर विभाग के अभिहीत अधिकारी विजय कुमार वर्मा ने क्षेत्रीय खाद्य सुरक्षा अधिकारी महेश कुमार को मंगलवार को दोपहर अचार वाहन की निगरानी करने जमुका भेजा था। एफएसओ वहां करीब तीन घंटे तक डेरा डाले रहे। शाम लगभग पांच बजे जैसे ही वहां रोड साइड पर आकर रुके ट्रक से उतरे लोगों ने अचार के गत्ते उतारकर उन्हें ढाबों पर पहुंचाना शुरू किया, एफएसओ ने इत्तला विभाग के अन्य अधिकारियों को दे दी।
40 रुपये की पैकिंग पर 150 रुपये एमआरपी
मौके पर पुलिस के साथ पहुंचे अभिहीत अधिकारी ने ट्रक की तलाशी कराई तो उसमें रखे अचार के 120 कारटून (गत्ते) बरामद हो गए। प्रत्येक कारटून में दो किलो अचार वाले 12-12 डिब्बे पैक किए गए थे, लेकिन कुछ कारटून में डिब्बे कम निकलने पर माना गया कि उन गत्तों का अचार रास्ते के अन्य ढाबों पर खपाया जा चुका है। ट्रक पर अचार के साथ मौजूद मिले उसहैत (बदायूं) थानांतर्गत गांव चिनारी निवासी मियां खां, राजकुमार, अयूब, तौहीद, नफासत और एटा जिले के जतरा थानांतर्गत गांव करौली निवासी सुखवीर ने कई चौकाने वाली जानकारियां दीं। मिलावट के धंधेबाजों ने बताया कि तेल के बजाय पानी में रंग मिलाकर बनाया गया यह अचार उन्हें दिल्ली की फैक्ट्री से 20 रुपये किलो के भाव मिलता है, जबकि दो किलो वाले अचार के डिब्बों के रैपर पर अधिकतम खुदरा मूल्य 150 रुपये अंकित है। धंधेबाजों से यह भी पता चला कि वह एक ट्रक माल हाईवे के ढाबों पर पहले भी सप्लाई कर चुके हैं और अब दूसरा ट्रक गोरखपुर ले जाने की तैयारी कर रहे थे।
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अचार फैक्टरी को लेकर अफसरों को संदेह
घटिया अचार वाले डिब्बों के रैपर पर साहू अचार फैक्टरी, 7/632, हरी एन्क्लेव, सुल्तानपुरी, दिल्ली-110086 पता दर्ज है, लेकिन एफएसडीए के अफसरों को शक है कि ब्रांड नेम के साथ अचार फैक्ट्री का फर्जी पता दिया गया है। इस संदेह का कारण यह भी है कि रैपर पर बैच नंबर, उपभोग अवधि (एक्सपायरी डेट), कस्टमर केयर जैसी अनिवार्य उपभोक्ता सूचनाओं का कोई उल्लेख नहीं है। अधिकारियों ने घटिया अचार जब्त कर सभी धंधेबाजों के नाम-पते और मोबाइल नंबर नोट कर उन्हें सत्यापित किया ताकि भविष्य में उनके नाम-पते गलत साबित नहीं हों।
बरामद अचार में ऐसी कई चीजें मिलाई गई हैं, जिनसे जन स्वास्थ्य को गंभीर खतरा हो सकता है। अखाद्य रंग और टार्टरिक एसिड का लगातार सेवन जानलेवा साबित हो सकता है। अचार जब्त कर कार्यालय में रखवा दिया है। नमूने जांच में फेल होने पर अचार नष्ट कराने के साथ धंधेबाजों के खिलाफ मुकदमें दर्ज कराकर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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- विजय कुमार वर्मा, अभिहीत अधिकारी, एफएसडीए
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