शाहजहांपुर/मिर्जापुर। गंगा और रामगंगा के जलस्तर में बृहस्पतिवार को भी कमी जारी रही। इससे कलान तहसील में गांवों से पानी तो निकल गया, लेकिन सड़कों और गांवों में फैली गंदगी व सड़ांध से मुसीबतों की बाढ़ आ गई है। दो दिन पहले डीएम ने मिर्जापुर क्षेत्र मेें बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर अधिकारियों को गांवों मेें विशेष सफाई अभियान चलाने के साथ एंटी लार्वा कीटनाशक का छिड़काव कराने और दवाएं वितरित कराने के निर्देश दिए थे, लेकिन क्षेत्रीय अधिकारियों ने काम ग्राम प्रधानों पर टाल दिए।
सिंचाई विभाग के सूत्रों का कहना है कि मानसून सीजन अंतिम चरण में पहुंच जाने के साथ अब बारिश लगभग थम चुकी है और इसीलिए बैराजों से अतिरिक्त पानी की निकासी घटने के साथ नदियां तेजी से उतार पर हैं। बाढ़ नियंत्रण कक्ष से बताया गया कि बृहस्पतिवार सुबह नरौरा बैराज से गंगा में हो रही पानी की निकासी 14524 क्यूसेक घटकर 41613 क्यूसेक रह गई है। बीते 24 घंटे के दौरान कलान क्षेत्र के भैंसार बांध पर गंगा का जलस्तर 17 सेमी घटकर 143.18 मीटर रह गया है। रामगंगा भी सात सेमी घटकर 159.68 मीटर पर बह रही है। इधर, महानगर के समीप गर्रा का जलस्तर 40 सेमी और खन्नौत का 15 सेमी कम हुआ है।
बाढग़्रस्त गांवों से पानी निकलने के बाद वहां गंदगी और कीचड़ के तौर पर बाढ़ के निशान बरकरार हैं। बाढ़ में जलमग्न घरों से पलायन कर सुरक्षित स्थानों पर शरण लिए बाढ़ पीड़ित वापस अपने घरौंदों में लौटने के लिए कीचड़ सूखने का इंतजार कर रहे हैं। गंगा के खादर में बसे ग्राम पंचायत पैलानी उत्तरी के मजरा इस्लामनगर, मस्जिद नगला, आजाद नगर, पैलानी, लुहार नगला, मोती नगरा आदि गांवों के रास्तों पर कई जगह पानी भरा है। ग्राम पंचायत पैलानी उत्तरी और इस्लामनगर तथा उनसे जुड़े मजरों में वहां के ग्राम प्रधान एंटी लार्वा का छिड़काव करा रहे हैं, लेकिन पंचायत राज विभाग के सफाई कर्मचारी निष्क्रिय बने हुए हैं। पैलानी उत्तरी के ग्राम प्रधान फारूख अली के अनुसार क्षेत्र की जमीन रेतीली होने से मार्गों पर भरा पानी एक-दो दिन में स्वत: सूख जाएगा।
डीएम के साथ भ्रमण में मैं भी शामिल था। अभी प्रभावित गांवों में रास्तों पर पानी भरा होने के कारण वहां सफाई कार्य कराना संभव नहीं है, लेकिन क्षेत्रीय न्याय पंचायत के सभी सफाई कर्मियों को अलर्ट किया जा चुका है। जिन स्थानों पर पानी भरा है, वहां मच्छरों के लार्वा नष्ट करने के लिए कीटनाशक और केरोसिन का छिड़काव कराया गया है। बीते दिन प्रभावित गांवों के लोगों को पेयजल शुद्ध करने के लिए क्लोरीन की गोलियां भी बांटी गई हैं।
- पवन कुमार, जिला पंचायत राज अधिकारी