शाहजहांपुर। द्वितीय फास्ट ट्रैक कोर्ट के अपर सत्र न्यायाधीश नरेंद्र नाथ पांडेय ने जानलेवा हमला करने के एक मुकदमे में तीन सगे भाइयों समेत पांच दोषियों को दस-दस वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। उन पर 24-24 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
मिर्जापुर थाना क्षेत्र के गांव कीलापुर खुर्द, थाथरमई निवासी विजेंद्र सिंह ने 15 सितंबर 2013 को पुलिस को तहरीर दी थी। बताया था कि उनका बेटा विपेंद्र उर्फ पतरे सुबह नौ बजे खेत में गया था। वहां पर सत्यवीर उसके खेत में जानवर चरा रहा था। उसके बेटे ने मना किया तो उसने अपने भाई ओमवीर, रामभजन और गांव उइला निवासी जितेंद्र और नरेंद्र को बुला लिया। वे लोग अपने हाथ में असलहे लेकर आ गए। उन लोगों ने गोलियां चलानी शुरू कर दीं। इससे उसका बेटा विपेंद्र गंभीर रूप से घायल हो गया। वादी की तहरीर के आधार पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर सत्यवीर, ओमवीर, रामभजन, जितेंद्र और नरेंद्र के खिलाफ आरोपपत्र अदालत भेजा। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान गवाहों के बयानात और साक्ष्यों के आधार पर सभी को दोषी पाया गया। अदालत ने दोषियों को दस-दस वर्ष कैद की सजा सुनाई।