शाहजहांपुर। अबकी होली पर त्योहारों का संगम रहेगा। यानी 28 मार्च को होली, शब-ए-बरात और पॉम संडे एक ही दिन होंगे। इसके अलावा 13 अप्रैल से चैत्र नवरात्र और रमजान शुरू होंगे। इसके अगले दिन 14 अप्रैल को बैसाखी मनाई जाएगी। चारो समुदायों के त्योहार एक साथ होने से पुलिस प्रशासन की टेंशन बड़ गई है। अधिकारी सतर्कता बढ़ाने के साथ त्योहारों पर कड़े सुरक्षा इंतजाम करने की बात कह रहे हैं।
होली का त्योहार मार्च में मनाया जाता, तो उसके कुछ दिनों बाद ही चैत्र नवरात्रों की शुरूआत होती है। जहां होली को हिंदू समुदाय बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाता है। नवरात्र पर नौ दिनों तक देवी की आराधना की जाती है। इसी तरह से मुस्लिम समुदाय में रमजान महीने को सबसे पाक माना जाता है। जब पूरे माह रोजा रखकर खुदा की इबादत की जाएगी।
होलिका दहन 28 मार्च को होगा। तमाम जगह लोग देर राततक डीजे बजाकर डांस करते हैं। इसके अगले दिन रंग खेला जाएगा। इसी दिन शहर में लाट साहब का जुलूस निकलता है। रंग खेलने के दौरान और जुलूस में शामिल लोग जमकर हुड़दंग करते हैं। रंगों की बारिश के बीच कुछ शरारती तत्व माहौल खराब करने की फिराक में रहते हैं। 28 मार्च को ही शब-ए-बरात मनाई जाएगी। शब-ए-बरात पर लोग रात भर इबादत करते हैं। 28 मार्च को ही पॉम संडे होगा। तीनों पर्व एक साथ होने से पुलिस प्रशासन की चिंता बढ़ गई है। सबसे ज्यादा चिंता लाट साहब के जुलूस को लेकर है।
होली के बाद 13 अप्रैल से नवरात्र शुरू होंगे। नवरात्र के दौरान देवी मंदिरों में दिनभर पूजा अर्चना के साथ श्रद्धालुओं की जबरदस्त भीड़ रहती है। सुबह से ही मंदिरों में आरती और नारेबाजी शुरू हो जाती है। उसी दिन 13 मार्च से पवित्र रमजान शुरू होंगे। रमजान के दौरान मस्जिदों में भीड़ बढ़ जाती है। इससे पुलिस प्रशासन और ज्यादा चिंतित है।
धर्मगुरुओं की बात
21 मार्च से होलाष्टक लग जाएगा, इस दौरान शुभ कार्य नहीं होते। होलिका दहन 28 मार्च को होगा और 29 को होली मनाई जाएगी। होलिका दहन बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है। इस बार होली पर गंगा जमुनी तहजीब देखने को मिलेगी, इसकी पूरी संभावना है। - उमेश चंद्र उपाध्याय, पुजारी, बाबा विश्वनाथ मंदिर
28 मार्च को होली और शब-ए-बरात का एक दिन पड़ना समाज को एक संदेश देगा। शव-ए-बरात के दिन अपने पूर्वजों को याद करने का दिन होता है। इस दिन लोग कब्रिस्तानों में पूर्वजों के गुनाहों की माफी के लिए दुआ करेंगे। होलिका दहन व शब-ए-बरात एक दिन हैं, दोनों समुदाय भाईचारे के साथ त्योहार मनाएंगे। - हुजूर अहमद मंजरी, शहर इमाम
पीस कमेटी की बैठकें और पैदल मार्च जारी
होली पर शांति व्यवस्था बनाए रखना पुलिस के लिए कड़ी चुनौती होगा। इसके लिए थानों में पीस कमेटी की बैठकें की जा रही हैं। पुलिस अधिकारी और थानेदार ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर लोगों को शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए समझा रहे हैं। शरारती लोगों पर नजर रखने के साथ मुचलका पाबंद किया जा रहा है। शहर कस्बों में अधिकारी रोजाना पैदल मार्च कर रहे हैं।
होलिका दहन स्थल पर पुलिस कर्मियों की ड्यूटी लगाई जाती है। जिससे कोई अराजकतत्व उनमें आग न लगा दे। इस बार होलिका दहन और शब-ए-बरात एक ही दिन है, तो पूरी सतर्कता बरती जाएगी। चैत्र नवरात्र और रमजान को लेकर भी पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई चारों समुदायों के त्योहार साथ पड़ रहे हैं, इसका पूरा ध्यान रखा जाएगा कि शांति व्यवस्था व सौहार्द बना रहे। - संजय कुमार, एसपी सिटी