खुटार। गांव रसवांकलां के मजरा हिमंचलपुर में सरकारी नलकूप संख्या 17 के पास गन्ने के खेत से निकलकर बाघिन बाहर आ गई। बाघिन देख खेतों में काम कर रहे किसानों ने शोर मचाते हुए भागकर जान बचाई।
खुटार के रामगोपाल, रामभरोसे सहित काफी संख्या में किसान रविवार सुबह 11 बजे खेतों में काम कर रहे थे। इस बीच प्रेमा देवी के गन्ने के खेत से बाघिन निकलकर खुले खेत में आ गई। बाघिन देख किसानों के होश उड़ गए और वे शोर मचाते हुए भाग निकले। शोर होने पर बाघिन पास के रामपाल के गन्ने के खेत में चली गई।
शोर सुनकर किसान लाठी-डंडे लेकर मौके पर पहुंच गए। वन दरोगा रोहित पांडे टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पगमार्क से बाघिन होने की पुष्टि करते हुए किसानों से खेत में समूह में काम करने, देर शाम और सुबह जल्दी खेत पर न आने, काम करते समय आवाज करते रहने, गन्ने की कटाई से पहले शोर मचाने आदि की अपील कर लौट गए। किसानों ने बताया कि बाघिन रामपाल के खेत में है। वनकर्मियों को बाघिन को जंगल की ओर खदेड़ना चाहिए।
बता दें कि गांव रायपुर पटियात, रसवां कलां, कुभियां माफी, हिमंचलपुर, बरवटपुर के आसपास बाघिन काफी दिनोंं से घूम रही है और कई छुट्टा पशुओं को मार चुकी है। 21 सितंबर को बाघिन के हमले में गांव रायपुर पटियात के श्यामपाल घायल भी हो गए थे। रेंजर मनोज श्रीवास्तव ने बताया कि जिस जगह बाघिन देखी गई है, वहां से कुछ दूर ही जंगल है। वन्य पशु जंगल से निकलकर खेतों में आ जाते हैं।