कलान। बोआई के बाद रबी फसलों की बढ़वार में तेजी लाने के लिए सहकारी समितियों पर यूरिया नहीं मिलने से किसान बेहद परेशान हैं। उन्हें बाजार में निजी दुकानों से महंगे दामों पर यूरिया खरीदनी पड़ रही है।
तहसील क्षेत्र में चार सहकारी समितियां हैं। सभी समितियों के गाेदाम गत एक सप्ताह से खाली पड़े हैं। न तो यूरिया है और न ही एनपीके शेष बची है, जबकि फसलों की वृद्धि में तेजी लाने के लिए किसान इन्हीं खादों का उपयोग करते हैं। साधन सहकारी समितियों पर निर्भर तमाम किसान समितियों से मिलने वाली खाद की गुणवत्ता पर ही भरोसा करते हैं।
इसीलिए ज्यादातर किसान सहकारी समितियों के चक्कर लगा रहे हैं। जखिया गांव की साधन सहकारी समिति के सचिव परिमाल सिंह का कहना है कि एक-दो दिन में यूरिया सभी समितियों पर उपलब्ध हो जाएगी। उन्होंने बताया कि समितियों में पंजीकृत किसानों को उनके रकबे के अनुसार यूरिया दी जाएगी। संवाद