कलक्ट्रेट के पीछे स्थित जिला पूर्ति कार्यालय में मंगलवार दिन में 11 बजे अचानक डीएम पुष्पा सिंह निरीक्षण के लिए पहुंचीं। वहां करीब 60 की संख्या में आम लोग अपनी समस्याओं के निस्तारण को जमा थे, लेकिन उनकी सुनवाई के लिए कोई अधिकारी या कर्मचारी मौजूद नहीं था, जिसके चलते वहां अफरातफरी का माहौल था और आम जन में उस बात को लेकर काफी नाराजगी थी। इस पर गंभीर संज्ञान लेते हुए डीएम ने तत्काल जिला पूर्ति अधिकारी (डीएसओ) को कारण बताओ नोटिस जारी कर तीन दिनों में स्पष्टीकरण तलब किया। साथ ही अनुपस्थित मिले अन्य सात कर्मियों का एक दिन का वेतन काटने का आदेश जारी कर दिया।
जिला पूर्ति अधिकारी विजय प्रभा को जारी नोटिस में डीएम ने लिखा कि निरीक्षण के दौरान वह अपने कार्यालय में नहीं थीं और जानकारी करने पर ज्ञात हुआ कि वह अभी तक कार्यालय नहीं आईं हैं। कार्यालय दिवस में दिन के 11 बजे तक कार्यालय में उपस्थित न होने को डीएम ने अत्यंत खेदजनक बताते हुए लिखा कि यह जिला पूर्ति अधिकारी की अनुशासनहीनता का परिचायक है। उन्होंने लिखा है कि क्यों न अनुशासनहीनता एवं स्वेच्छाचारितापूर्ण आचरण हेतु जिला पूर्ति अधिकारी के खिलाफ कार्यवाही हेतु उच्चाधिकारियों एवं शासन को संस्तुति प्रेषित कर दी जाए। डीएम के अनुसार, उक्त कार्यालय में पूर्ति निरीक्षक वेदप्रकाश, नरेश कुमार, अजय कुमार, उमेश कुमार व अंकुर सक्सेना के अलावा चालक अफजाल खां, चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी इजहार अली अनुपस्थित मिले। इन सभी का एक दिन का वेतन रोकने के साथ ही तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण तलब किया है।