मिर्जापुर। प्राचीन दुर्गा मंदिर परिसर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन सोमवार को कथा व्यास पंडित गोपाल शास्त्री ने भगवान राम के जन्म का प्रसंग सुनाया। उन्होंने कहा कि जब-जब धरती पर अधर्म बढ़ता है, तब-तब धर्म की स्थापना के लिए भगवान अवतार लेते हैं। रामजन्म का प्रसंग सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो गए और जय श्रीराम के उद्घोष से पंडाल गूंज उठा। कथा विश्राम पर मंदिर के पुजारी बाबा रहीस दास ने श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया। संवाद
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सीता हरण का प्रसंग सुन भावविभोर हुए श्रद्धालु
सेहरामऊ दक्षिणी। गांव महमदपुर में चल रहे श्री शतचंडी महायज्ञ एवं श्रीमद् देवी भागवत व मानस कथा के दूसरे दिन कथा व्यास रामानुजाचार्य ने सीता हरण का प्रसंग सुनाया। उन्होंने बताया कि पंचवटी में शूर्पणखा के अपमान के बाद रावण ने छलपूर्वक स्वर्ण मृग के माध्यम से श्रीराम और लक्ष्मण को कुटिया से दूर किया। इसके बाद साधु का वेश धारण कर सीता का हरण कर उन्हें लंका ले गया। इस दौरान विश्वनाथ त्रिवेदी, प्रदीप त्रिवेदी, अंकित मिश्रा, अनुज मिश्रा, वीरेश पाल समेत अन्य लोग मौजूद रहे। संवाद