निगोही रोड पर गांव सतवां बुजुर्ग से पहले थाना सदर बाजार क्षेत्र की रामनगर कॉलोनी में 35 वर्षीय हरपाल कालरा उर्फ बबलू की मंगलवार की देर रात संदिग्ध हालात में मौत हो गई। बबलू की कार एक पेड़ से टकराई है। मृतक के भाई के मुताबिक उसके भाई की लेनदेन के चलते हत्या की गई है। हत्या करने के बाद उसे दुर्घटना दिखाने की कोशिश की गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृतक के सिर में पांच जगह से हड्डी टूटी पाई गई है और सिर के चारों तरफ चोट के निशान मिले हैं। इससे हत्या की आशंका जाहिर हो रही है।
रामनगर कॉलोनी निवासी स्वर्गीय भोला सिंह कालरा के तीसरे नंबर के पुत्र हरपाल कालरा उर्फ बबलू मोटे स्तर पर ब्याज और प्रापर्टी डीलर का काम करते थे। उनके भाई नगर पालिका के ठेकेदार मनीष कालरा के मुताबिक बबलू का बाजार में 20 से 25 लाख रुपया ब्याज पर फैला हुआ था। जिसमें कई लोगों ने ब्याज पर मोटी रकम ले रखी थी। इसके अलावा उनके भाई प्रापर्टी डीलर का भी काम करते थे। इसमें कई बड़े सौदे होने थे। मनीष के मुताबिक बबलू करीब सवा आठ बजे मां आशा कलरा को दवाई दिलाकर घर वापस लौटे थे। इसी बीच उनके पास कई फोन आ रहे थे। बबलू घर पहुंचे, मां को कार से उतारा और बोले की पांच मिनट में आकर बताते है कि दवाई कैसे खानी है। जब काफी देर तक बबलू वापस नहीं आए तो परिवार वालों ने उनके मोबाइल पर संपर्क किया, लेकिन उनका मोबाइल बंद जा रहा था। इसके बाद परिवार वालों ने बबलू की तलाश शुरू कर दी। बबलू के जान-पहचान वाली जगहों पर तलाश किया गया, लेकिन उनका कहीं पता नहीं लगा। रात करीब 11 बजे निगोही थाने के एक दरोगा ने फोन करके बताया कि बबलू की कार का निगोही रोड पर रेशम फार्म के पास एक्सीडेंट हो गया है। घटना की सूचना लगते ही परिवार वाले मौके पर पहुंच गए। बबलू को कार से निकालकर जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
हत्या करके हादसा दिखाने की कोशिश
मृतक के भाई मनीष ने बताया कि जिस प्रकार से बबलू की कार पेड़ से टकराई थी। जिससे लग रहा है कार को पेड़ से टकराकर दुर्घटना दिखाने की कोशिश की गई है। पेड़ में कार टकराने की कोई खरोंच नहीं है। कार के बोनट पर लग रहा है कि किसी लोह की राड से वार किए गए हों। इसके अलावा बबलू के सिर के पिछले हिस्से में चोट काफी गहरी लगी है। ऐसा लग रहा है कि सिर पर किसी लोहे की वस्तु से वार किए गए हों। कार की स्टेयरिंग पर खून का कोई धब्बा नहीं लगा है और न ही कार की सीट पर खून के निशान हैं। घटनास्थल से काफी दूर तक खून के निशान मिले हैं। इसके अलावा कार में दो चश्मे मिले हैं। कार की दूसरी साइड में लगी चेयर पर खून फैला है। जबकि बबलू चालक वाली सीट पर बैठे हुआ था और उसका दरवाजा खुला हुआ था।
घटना के बाद मोबाइल तोड़ने की कोशिश
मनीष के मुताबिक बबलू के एक मोबाइल को तोड़ दिया गया। जबकि दूसरे मोबाइल को खोलकर उसमें से सिम निकालकर दोबारा डाला गया है। मोबाइल के अंदर भी खून के धब्बे मिले हैं। पुलिस ने सिम दूसरे मोबाइल में डालकर परिवार वालों से संपर्क किया था।
मृतक के घर में मचा कोहराम
बबलू के पिता की चार साल पहले बीमारी से मौत हो गई थी। मां आशा भी अक्सर बीमार रहती हैं। उनकी पत्नी ईशा अपने दो साल के बेटे को सीने से लगाकर रो रही है। भाई सुमित, मनीष, ऋषि हैं। परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की ओर इशारा
पेड़ से कार टकराने पर सिर में पांच जगह से हड्डी टूटना समझ में नहीं आती है। जिस तरह से कार क्षतिग्र्रस्त हुई है। उस आधार पर इतनी चोट नहीं लगनी चाहिए। इसके साथ ही सिर के चारों तरफ चोट होना कहीं-कहीं हत्या की ओर इशारा कर रही है।
सूचना मिलने पर घटनास्थल पर गए थे। कार पेड़ से टकराई हुई थी। घायल को जिला अस्पताल भिजवा दिया गया। इस मामले में अभी कोई तहरीर नहीं आई है। - रजि अहमद, एसओ निगोही