एसडीएम को गुमराह करने का आरोप, अवैध खनन की सूचना पर पकड़ी थी ट्राली
गोमती नदी के पास से अवैध खनन की सूचना पर एसडीएम सलिल कुमार ने मौके पर जाकर रेत भरी ट्रैक्टर-ट्राली पकड़ी थी। मगर ग्राम प्रधान ने शौचालय बनाने के लिए रेत ले जाने की गलत जानकारी देकर ट्रैक्टर-ट्राली छुड़ाकर ले गए।
शनिवार की सुबह एसडीएम को सूचना मिली कि खुटार-पुवायां मार्ग पर गोमती नदी के किनारे रेत का अवैध खनन किया जा रहा है। इस पर एसडीएम खुद मौके पर गए और रेत भरी ट्राली को ट्रैक्टर समेत पकड़ लिया। इस पर वहां मौजूद ग्राम प्रधान ने रेत गांव में शौचालय बनाने के लिए ले जाने का झूठा बहाना किया। प्रधान की बात सही मानकर एसडीएम ने जांच किए बगैर सूचना डीएम को दे दी। इस पर डीएम ने ट्राली छोड़ने को कह दिया। इस पर एसडीएम ने रेत भरी ट्राली छोड़ दी।
इसके बाद पता चला कि रेत भरी ट्राली प्रधान ने अपने घर उतरवा ली। ग्रामीणों ने बताया कि शौचालय बनाए जाने के लिए रेत किसी के घर नहीं पहुंची। आरोप है कि ग्राम प्रधान अफसरों को गुमराह करके रेत का अवैध खनन कर बिक्री करता है। उधर, गांवसभा के सचिव ने बताया कि गांव में कोई शौचालय स्वीकृत नहीं हुआ है। ऐसे में शौचालय के लिए रेत ले जाने की बात निराधार है।
सैकड़ों ट्राली रेत का हो चुका खनन
गोमती नदी के उत्तर में जिस तालाब से अवैध खनन किया जा रहा है। उसकी स्थित देखकर साफ है कि अब तक सैकड़ों ट्राली मिट्टी का खनन किया जा चुका है। मगर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की निगाह इस ओर नहीं पड़ रही है।
सूचना मिलने पर रेत भरी ट्राली पकड़ी थी। प्रधान के बताए अनुसार डीएम को मामले की जानकारी दे दी गई। यदि रेत शौचालय के लिए नहीं ले जाया गया है तो कानूनगो से जांच कराई जाएगी और कार्रवाई होगी।
सलिल कुमार पटेल, एसडीएम पुवायां