गांव बेहटा मजरा में शुक्रवार रात पुलिस की दबिश के दौरान एक वृद्ध की मौत हो गई। वृद्ध के परिजनों ने पुलिस कर्मियों पर छत से धक्का देकर उसकी हत्या करने का आरोप लगाया। सपा के नेता भी उनके समर्थन में उतर आए और उन्होंने शनिवार को एसपी दफ्तर में प्रदर्शन किया। इसके बाद चार पुलिस कर्मियों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई, इसमें एक को नामजद भी किया गया है।
कच्ची शराब की सूचना पर थाना मीरानपुर कटरा क्षेत्र के गांव बेहटा मजरा निवासी 62 वर्षीय हरीराम यादव के यहां पुलिस ने शुक्रवार रात करीब साढ़े दस बजे दबिश दी। इसी दौरान हरीराम की छत से गिरने से मौत हो गई। उसके परिजनों का आरोप है कि घर में घुसते ही पुलिस कर्मियों ने आंगन में लेटी हरीराम की पत्नी ईश्वरी देवी को गालियां दीं। इस पर छत पर खड़े हरीराम ने आपत्ति जताई तो पुलिस कर्मी छत पर चढ़ गए और हरीराम को पीटते हुए उसे छत से नीचे धक्का दे दिया। उधर, पुलिस कर्मियों का कहना है कि हरीराम पुलिस को देखकर भागा और खुद ही छत से नीचे गिर गया।
पुलिस के हरीराम के छोटे भाई रामकुमार को आठ लीटर कच्ची शराब के साथ पकड़कर ले जाने के बाद हरीराम के बेटे नेकपाल ने पिता की मौत की सूचना दी। इस पर पहले यूपी 100 पुलिस और फिर सीओ तिलहर मनोज कुमार मौके पर पहुंचे। पुलिस ने हरीराम को जिला अस्पताल भेजा जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में वृद्ध की मौत सिर में चोट लगने से होना पाई गई। सुबह पूर्व विधायक राजेश यादव, पूर्व सांसद मिथिलेश कुमार, पूर्व मंत्री राममूर्ति सिंह वर्मा व सपा कार्यकर्ता एसपी कार्यालय पहुंचे और पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया। इसके बाद हरीराम की पत्नी से तहरीर लेकर आरोपी पुलिस कर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई।