एनआरआई हत्याकांड में आरोपी मृतक की ब्रिटिश नागरिक पत्नी रमनदीप कौर की जमानत एक बार फिर अटक गई है। पंजाब के दो लोगों के जमानत लेने के लिए दाखिल किए गए प्रपत्रों में एक ही जमानतदार के कागज सत्यापित होकर आ पाए हैं, जबकि दूसरे जमानतदार के प्रपत्र नहीं आए। अदालत ने अगली तिथि 17 अप्रैल नियत की है।
अपर सत्र न्यायालय पंचम बृहस्पतिवार को अवकाश पर थे। उनके स्थान पर षष्ठम् अपर सत्र न्यायाधीश फराह मतलूब की कोर्ट में पंजाब से आए सीलबंद लिफाफे को खोला गया। इसमें रमनदीप कौर के जमानती केशर सिंह से संबंधित आख्या प्राप्त हुई और दूसरे जमानती जुझार सिंह की आख्या प्राप्त नहीं हुई। इस पर दोबारा आख्या के लिए पंजाब के एसएसपी को सील लिफाफे में पंजाब पुलिस के कांस्टेबल केशर चंद्र के माध्यम से पत्र भेजा गया।
बता दें कि एनआरआई सुखजीत सिंह की बंडा थाना क्षेत्र के गांव बसंतापुर स्थित उनके पैतृक घर में एक सितंबर की रात धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने अगले दिन खुलासा करते हुए सुखजीत की पत्नी रमनदीप कौर और उसके कथित प्रेमी मिठ्ठू को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। तब से दोनों हत्यारोपी जेल में बंद हैं। रमनदीप कौर जमानत के लिए कई बार प्रयास कर चुकी है, लेकिन उसकी जमानत जमानतदारों का सत्यापन नहीं हो पाने के कारण नहीं हो पा रही है।