गत वर्ष जून में स्थानीय रेलवे स्टेशन पर टिकट और आरक्षण में घपलेबाजी के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी की गिरफ्तारी के लिए आरपीएफ की टीम ने तिलहर में दबिश दी। इस दौरान आरोपियों ने परिवार सहित जमकर पुलिस टीम से हाथापाई की। पुलिस टीम ने कोतवाली में तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
बता दें कि गत वर्ष 14 जून को तिलहर में आरपीएफ ने छापा मार कर रेलवे स्टेशन पर आरक्षण में घपले बाजी के आरोप में बुकिंग लिपिक छेदा लाल को गिरफ्तार कर धारा 143 रेलवे एक्ट के तहत जेल भेज दिया था। इसका एक सह आरोपी नितिन गुप्ता पुत्र बृजेंद्र गुप्ता निवासी मौजमपुर फरार चल रहा था। शुक्रवार को आरपीएफ के प्रभारी निरीक्षक एसएस गंगवार के नेतृत्व में हमराही सोनू कुमार, एएसआई रामऔतार मीढ़ा, सिपाही राजीव कुमार, प्रवीण सिंह तथा तिलहर कोतवाली के प्रीतम दत्त शर्मा की टीम आरोपी को गिरफ्तार करने उसके आवास पर पहुंची। इस दौरान नितिन गुप्ता, भाई निक्कू गुप्ता व पिता बृजेंद्र गुप्ता ने गिरफ्तारी का जमकर विरोध किया। इस दौरान पुलिस पार्टी के साथ हाथापाई भी की गई। पुलिस बल ने नितिन व उसके भाई को गिरफ्तार कर लिया। पिता बृजेंद्र गुप्ता पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ सके। प्रभारी निरीक्षक एसएस गंगवार ने नितिन, निक्कू व बृजेंद्र गुप्ता के खिलाफ गिरफ्तारी का विरोध करने, पुलिस पार्टी के साथ हाथापाई करने और सरकारी काम में बाधा डालने का मुकदमा दर्ज कराया है। नितिन को आरपीएफ की टीम अपने साथ ले गई, जबकि निक्कू को स्थानीय पुलिस ने विवेचना तक यह कहकर छोड़ दिया कि आवश्यकता पड़ने पर पुन: हाजिर होना होगा। नगर में उक्त प्रकरण की काफी चर्चा रही।