भीषण गर्मी में आधी रात को बिजली की आपात कटौती से लोग बुरी तरह परेशान रहे। शनिवार को आधी रात के बाद बत्ती गुल होने से लोग गर्मी में उबल गए। पॉवर कारपोरेशन के ट्रांसमिशन सब स्टेशन से रविवार को सुबह आठ बजे बिजली चालू की जा सकी। अब ऐसे में अधिकारी रात में कटौती नहीं होने की गारंटी देने से बच रहे हैं।
नौ घंटे की नियमित कटौती का पॉवर कारपोरेशन के सिस्टम कंट्रोल से जो कार्यक्रम लागू किया गया है, उसमें सुबह से लेकर रात तक तीन चरणों में बिजली काटे जाने का प्रावधान है। इसके तहत सुबह चार से सात बजे तक, दिन में 11 से दो बजे तक और शाम को सात से नौ बजे तक शहर के सभी फीडर बंद रखे जाते हैं। दो घंटे की आपात कटौती अमूमन रात दस बजे से शुरू होती है।
शनिवार रात भी सवा दस बजे से शहरी क्षेत्र में लागू हुई बिजली कटौती आधी रात के बाद एक बजे तक प्रभावी रखी गई। इस कारण लोग चैन की नींद नहीं ले पाए, लेकिन सुबह होने पर दिन की शुरुआत बिजली के साथ हुई तो लोगों को कुछ राहत मिली।
ग्रिड पोजीशन बेहतर होने से नहीं हुई कटौती
पॉवर कारपोरेशन के एक्सईएन ट्रांसमिशन संजीव भास्कर के अनुसार शनिवार आधी रात के बाद पॉवर ग्रिड पर लोड करंट की स्थिति बेहतर होने और बड़े शहरों में डिमांड घटने के कारण रविवार सुबह और दोपहर के वक्त कटौती नहीं की गई। शाम होने के बाद बिजली की खपत बढने से ग्रिड की फ्रीक्वेंसी घटने पर पॉवर कट करना जरूरी हो जाता है। फिलहाल, आधी रात के समय होने वाली कटौती पर रोक के कोई आदेश नहीं मिले हैं।
जलालाबाद में भी फाल्ट से सप्लाई रही ठप
जलालाबाद। बिजली कर्मियों की मनमानी के चलते भीषण गर्मी के इस दौर में लोगों का बुरा हाल है। बड़ी लाइन में आए फाल्ट को समय रहते ठीक न करने से कस्बे में 24 घंटे सप्लाई ठप रही। जब फाल्ट सही होकर सप्लाई शुरू की गई, तो कुछ देर बाद ही दोबारा फाल्ट हो गया। इससे बाधित सप्लाई रविवार रात तक सुचारू नहीं हो सकी। फाल्ट सही करने में कर्मचारियों द्वारा बरती जा रही लापरवाही से नाराज लोगों ने एसडीएम से हस्तक्षेप करने की मांग की है।
बताते हैं कि शनिवार दोपहर बड़ी लाइन में खराबी आ गई। पूरी रात गायब रहने के बाद रविवार दोपहर तक बिजली चालू नहीं हुई तो लोगों ने सब स्टेशन में संपर्क किया। वहां पता लगा कि लाइन में आया फाल्ट अभी सही नहीं हो सका है। इसके बाद रविवार दोपहर करीब दो बजे सप्लाई शुरू हुई जो ढाई बजे पुन: बंद हो गई। इस बार भी उसी लाइन में फाल्ट हो जाने की बात बताई गई। इसके बाद बिजली देर शाम तक नहीं आई। इससे भीषण गर्मी में लोगों का बुरा हाल है। लोगों का कहना है कि कस्बे में वैसे भी बिजली की जबरदस्त कटौती की जा रही है जो सप्लाई आती भी है वह फाल्ट के नाम पर विभागीय कर्मचारियों की मनमानी का शिकार हो जाती है। विभागीय अव्यवस्था से तंग आ चुके लोगों ने एसडीएम से इस मामले में हस्तक्षेप की मांग की है। उधर, व्यापारी संगठनों से जुड़े पदाधिकारियों ने भी विभागीय कर्मियों की इस मनमानी पर अंकुश लगाने की मांग एसडीएम से की है।