जिला जज के आवास पर सुरक्षा गारद में तैनात सिपाही ओमप्रकाश ने शनिवार की दोपहर खुद को गोली मारकर आत्महत्या करने की कोशिश की। उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से उनकी नाजुक हालत देखते हुए लखनऊ रेफर कर दिया गया। अधिकारियों के मुताबिक ओमप्रकाश ने बयान दिया है कि उन्होंने अकेलेपन से परेशान होकर खुदकुशी करने की कोशिश की। अमरोहा के मंडी धनौरा कस्बे के रहने वाले सिपाही ओमप्रकाश शाहजहांपुर में 2013 से तैनात हैं और 31 जनवरी को सेवानिवृत्त होने वाले हैं। शनिवार दोपहर जिला जज मोहम्मद फैज आलम खां के आवास पर सुरक्षा गारद की ड्यूटी में उन्हें भेजा गया था। दोपहर 12 से तीन बजे की शिफ्ट में ड्यूटी के दौरान करीब डेढ़ बजे ओमप्रकाश ने सरकारी राइफल की नाल अपने सीने के नीचे रखकर गोली चला दी। गोली पेट को चीरते हुए पीठ से निकल गई। फायर की आवाज सुनकर ऑफीसर्स कॉलोनी में हड़कंप मच गया। सुरक्षा गारद में तैनात हेड कांस्टेबल चंद्रपाल सिंह, कांस्टेबल फूल सिंह, कृष्णपाल दौड़कर ओमप्रकाश के पास पहुंचे। सीओ सदर अखिलेश भदौरिया ने खून से लथपथ ओमप्रकाश को जिला अस्पताल पहुंचाया। बाद में एसपी सिटी कमल किशोर, एसपी ग्रामीण रमेश भारतीय, सीओ सिटी अवनीश्वर चंद्र श्रीवास्तव भी जिला अस्पताल पहुंच गए। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद ओमप्रकाश की नाजुक हालत देखते हुए उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया। एसपी ग्रामीण ने बताया कि पूछताछ में ओमप्रकाश ने अकेलेपन से परेशान होने की बात कही है। मजिस्ट्रेट ने भी ओमप्रकाश के बयान दर्ज किए हैं।
सिपाही ओमप्रकाश के तनाव में रहने की बात सामने आ रही है, लेकिन अब तक की ड्यूटी में ऐसा कोई मामला नहीं रहा, जिससे तनाव हुआ हो। उनकी ज्यादातर ड्यूूटी बैंक और ट्रेजरी गारद में रही है। अब तनाव किस वजह से था, इसकी जांच की जा रही है। - केबी सिंह, पुलिस अधीक्षक, शाहजहांपुर