शाहजहांपुर। अपराधों को अंजाम देकर समाज को खतरा बने विभिन्न थाना क्षेत्रों के दस अपराधियों को एडीएम प्रशासन जितेंद्र कुमार शर्मा ने एसपी की संस्तुति के बाद छह माह के लिए जिला बदर कर दिया है। इनमें से चार गोवध निवारण अधिनियम में नामजद हैं। एडीएम ने संबंधित थाना प्रभारियों से कहा कि जिला बदर की अवधि के दौरान संबंधित अपराधी जिले से बाहर रहें। उन्हें केवल मुकदमों की पेशी पर आने की छूट रहेगी।
जिला बदर किए गए अपराधियों में मीरानपुर कटरा थाना क्षेत्र के गांव मिल्कीपुर निवासी आरिफ व गुड्डू पुत्रगण नौशे खां, मिल्कीपुर के ही नूर मोहम्मद पुत्र इदरीस और शहर के रामचंद्र मिशन थाना क्षेत्र के मोहल्ला गढ़ी गाड़ीपुरा निवासी सरताज उर्फ बड़े पुत्र शफी अहमद शामिल हैं। इन्हें गोवध निवारण अधिनियम 1955 की विभिन्न धाराओं के तहत पुलिस ने नामजद किया। इसके बावजूद उनकी अपराधिक गतिविधियों में कमी नहीं आई। इनके अलावा चोरी, बलवा, मारपीट, लूटपाट, जानलेवा हमलों आदि में नामजद हो चुके निगोही क्षेत्र के गांव मोहरतला निवासी मुनेंद्र पुत्र रामचंद्र, रामचंद्र्र मिशन थाना क्षेत्र के गांव रौसर कोठी निवासी नरवीर व सोमनाथ पुत्रगण हरीराम, गढ़िया रंगीन थाना क्षेत्र के गांव कुनिया निवासी शिवकुमार पुत्र श्रीराम और इसी थाना क्षेत्र के गांव खमरिया निवासी विनोद उर्फ पुरंद पुत्र राजपाल और मदनापुर थाना क्षेत्र के गांव कुनिया जमालपुर निवासी संतोष पुत्र नगमू पंडित को छह माह के लिए जिला बदर किया गया है।