शाहजहांपुर। ओसीएफ रामलीला मैदान पर खड़ी कार में पकड़े गए युवक-युवती के खिलाफ कार्रवाई को लेकर लोगों ने सोमवार रात सदर कोतवाली में जमकर हंगामा किया। भीड़ के चले जाने पर पुलिस ने युवक और युवती को परिजन के हवाले कर दिया। पुलिस का कहना है कि कार में मौजूद युवक और युवती आपस में संबंधी हैं।
सदर कोतवाली क्षेत्र के ओसीएफ रामलीला मैदान पर सोमवार देर शाम अंधेरे में एक कार खड़ी थी। कार में दो युवक और एक युवती मौजूद थे। आसपास मौजूद लोगों ने देखने के बाद सदर कोतवाली पुलिस को सूचना दे दी। मौके पर पहुंची पुलिस तीनों को कार समेत थाने ले गई। पूछताछ के दौरान पहले युवक व युवती आपस में भाई-बहन बता रहे थे। पुलिस ने सख्ती की तो युवती एक युवक को अपना मंगेतर बताने लगी। पुलिस की सूचना पर तीनों के घरवाले थाने जा पहुंचे। पुलिस ने युवती को घर भेज दिया।
इसका पता लगने पर दर्जनों लोग इकट्ठे होकर थाने जा पहुंचे और युवकों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर हंगामा करने लगे। इसको लेकर उनकी पुलिस से तीखी झड़पें भी हुईं। उनका कहना था कि दोनों युवक-युवती कार में बैठकर शराब पी रहे थे। भाई-बहन होते तो ऐसा कृत्य नहीं करते। दूसरे भाई-बहन घर में बात करेंगे या मैदान पर अंधेरे में कार के अंदर बैठकर। इस तरह काफी देर तक हंगामा चलता रहा। पुलिस ने कार्रवाई का आश्वासन देकर किसी तरह भीड़ को शांत किया और बातचीत के बाद लौटा दिया। भीड़ के चले जाने पर पुलिस ने युवकों के आधार कार्ड चेक करने के बाद लिखा पढ़ी करके परिवार वालों की सुपुर्दगी कर दिया।
इंस्पेक्टर ब्रह्मजीत सिंह ने बताया कि किसी ने ओसीएफ रामलीला मैदान में संदिग्ध परिस्थितियों में कार खड़ी होने की सूचना मिली थी। इस पर पुलिस सभी को अपने साथ थाने ले आई। पूछताछ में पता चला कि युवक-युवती आपस में संबंधी हैं। लिखा पढ़ी के बाद उन्हें परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया गया।