शाहजहांपुर/ मिर्जापुर। शासन के निर्देश पर आई टीमों ने शनिवार को भी कोटेदारों के बयान दर्ज किए और शपथ पत्र लिए। अलीगढ़ की टीम ने मिर्लापुर इलाके में 17 कोटेदारों से शपथ पत्र दिए हैं। इसी बीच किसी ने जांच टीम के फर्जी होने की सूचना दे दी। पुलिस मौके पर भी पहुंची। मगर तब तक जांच टीम वहां से जा चुकी थी।
सांसद अरुण सागर ने जिला पूर्ति विभाग के अधिकारी द्वारा कोटेदारों से सत्यापन के नाम पर अवैध वसूली का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से शिकायत की थी। मुख्यमंत्री के निर्देश पर खाद्य एवं रसद आयुक्त ने लखनऊ और अलीगढ़ मंडल की अलग-अलग दो जांच टीमें बनाकर भेजी हैं, जो तीन दिन से कोटेदारों से पूछताछ करने के साथ शपथ पत्र ले रही हैं। इनमें एक टीम शनिवार को जलालाबाद व कलान तहसील क्षेत्र में पहुंची। मिर्जापुर ब्लाक सभागार में शनिवार को पूर्ति निरीक्षक वीरपाल ने क्षेत्र के राशन विक्रेताओं को जांच टीम के समक्ष बयान देने के लिए बुलाया था। उन्होंने बताया कि खाद्य विभाग कासगंज के एआरओ सुनील कुमार सिंह, पूर्ति निरीक्षक योगेंद्र यादव व पूर्ति लिपिक सौरभ शाक्य की जांच टीम कोटेदारों से भ्रष्टाचार संबंधी पूछताछ करने आई है। ब्लाक सभागार में जिस समय जांच टीम राशन विक्रेताओं से पूछताछ कर शपथ पत्र ले रही थी। उसी समय किसी का फोन पहुंच गया। तभी जांच टीम सभी प्रपत्र समेटकर चली गई। इसके कुछ देर बाद पुलिस जांच टीम का पता लगाने पहुंची। उधर, जिले के दूसरे इलाकों में भी जांच टीम ने कोटेदारों से शपथ पत्र लिए।
सांसद की शिकायत पर 17 कोटेदारों से पूछताछ कर शपथ पत्र लिण् गए हैं। जांच गोपनीय है, रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी। - सुनील कुमार सिंह, एआरओ, कासगंज
सांसद ने जांच टीम को फर्जी बताते हुए जांच करने को कहा था। जबतक पुलिस मौके पर पहुंची,टीम चली गयी थी।
राजेश कुमार,थानाध्यक्ष, मिर्जापुर