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कुवैत से आए युवक को संदिग्ध होने पर जांच के लिए भेजा

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तिलहर। कुवैत में सिलाई का काम करने वाला एक प्रवासी कामगार युवक प्लेन से लखनऊ आने के बाद रविवार की सुबह तिलहर पहुंचा। घर पर पहुंचने के बाद अस्पताल जांच कराने आया। इस दौरान युवक के संदिग्ध होने पर सीएचसी प्रभारी डॉ. कमरुज्जमा ने युवक को एंबुलेंस से जिला अस्पताल भेज दिया ।जांच के बाद युवक को होम क्वारंटीन कर दिया गया है। उधर रविवार को 123 प्रवासी मजदूर यहां पहुंचे जिनको जांच के बाद होम क्वारंटीन कर दिया गया है।
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कुवैत से यहां पहुंचे युवक ने बताया कि वह तिलहर के मोहल्ला मौजमपुर का रहने वाला है। वह दिल्ली में सिलाई का काम करता था। एक एजेंट के माध्यम से वह लगभग डेढ़ वर्ष पहले सिलाई का काम करने कुवैत चला गया था। वह कुवैत में 5 से 8 दीनार प्रतिदिन कमा लेता है भारत में एक दीनार की कीमत 250 रुपया है। बताया कि कुवैत में भी कोरोना फैला है। कुवैत सरकार ने भारत,-पाकिस्तान , मिश्र आदि देशों से आने वाले कामगारों की सिविल आईडी बनानी बंद कर दी हैं जिसके कारण अन्य देशों से आए कामगारों को काम नहीं मिल पा रहा है। काम न मिलने के कारण सभी कामगार भुखमरी के कगार पर आ गए हैं। बताया कि उसका सून का वीजा बना था जिसका मतलब यह है कि वहां पर काम करने बाला विदेशी व्यक्ति दो साल बाद वहां का स्थायी निवासी बनकर रह सकता है।
बताया कि काम धंधा बंद हो जाने और खाने-पीने की दिक्कत होने के कारण कुवैत में फंसे भारतीय प्रवासी कामगारों को लेने भारत का प्लेन शनिवार को कुवैत पहुंचा था। बताया कि शनिवार की शाम प्लेन कुवैत से चला था और रविवार को सुबह तड़के लखनऊ पहुंच गया। बताया कि उसके साथ कमरे पर रामपुर और बिजनौर के 10 लोग थे वह सभी प्लेन से वापस आ गए हैं। लखनऊ से प्लेन से उतरे लोगों को लेकर रोडवेज की बस चल दी। बस ने उसे यहां सुबह बाईपास तिराहे पर उतार दिया और वह अन्य लोगों को लेकर बिजनौर की ओर चला गया। बाईपास पर उतरने के बाद वह सीधे अपने घर मौजमपुर गया। वहां से वह यहां अस्पताल में जांच कराने आया। इसके बाद उसे जिला अस्पताल भेज दिया गया । जांच के बाद वह अब घर लौट आया है।
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सीएचसी प्रभारी डॉ कमरुज्जमा ने बताया कि कुवैत से आया युवक संदिग्ध होने पर जांच के लिए जिला अस्पताल भेजा गया था जांच के बाद उसे होम क्वारंटीन कर दिया गया है। युवक की निगरानी के लिए जांच समिति को लगाया गया है। उन्होंने बताया कि रविवार को सीएचसी पर 106 प्रवासी मजदूर गाजियाबाद ,देहरादून और गुजरात से यहां पहुंचे हैं सभी की जांच की गई और जांच में सभी ठीक पाए गए । सभी को घर भेज दिया गया है। उधर नगर के जीजीआईसी शेल्टर होम प्रभारी अंकुर चौधरी ने बताया कि यहां पर 17 प्रवासी मजदूर पहुंचे सभी की जांच की गई और जांच में ठीक पाए गए ।सभी को भोजन कराने और राशन कार्ड देने के बाद घरों को भेज दिया गया है।
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