शाहजहांपुर में पुराने जिला अस्पताल में धरना देते संविदा कर्मचारी। संवाद
शाहजहांपुर। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ के कार्य बहिष्कार के तीसरे दिन बड़ी संख्या में संविदा कर्मचारियों और अधिकारियों ने धरनास्थल पर पहुंचकर अपनी आवाज को बुलंद किया। हड़ताल के चलते स्वास्थ्य इकाइयों पर ताला लटका रहा। इसके चलते टीकाकरण समेत कई स्थानों पर ओपीडी तक प्रभावित रही। वार्ता विफल होने पर 12 अक्तूबर को लखनऊ में अनिश्चितकालीन धरना दिया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग में सीएचसी-पीएचसी और अरबन शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, राजकीय मेडिकल कॉलेज में संविदा पर 150 डॉक्टर कार्यरत हैं। इसी तरह 200 एएनएम, 150 मैनेजमेंट का स्टाॅफ समेत 14 सौ स्वास्थ्य कर्मी संविदा पर काम करते हैं। मानदेय बढ़ाने और संविदा कर्मियों को सरकारी पदों पर नियुक्ति देने समेत विभिन्न मांगों को लेकर तीन दिन से संविदाकर्मी हड़ताल पर हैं। इसके चलते प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। गर्भवती महिलाओं की जांच और टीकाकरण पर भी असर पड़ रहा है।
शनिवार को पुराने जिला अस्पताल में हुए धरने में पदाधिकारियों ने सभी से लखनऊ पहुंचने की अपील की। उत्तर प्रदेश पेंशनर्स कल्याण संस्था के अध्यक्ष अनिल दीक्षित, जिला मंत्री भूप सिंह, सीनियर सिटीजन समिति के अध्यक्ष उमेश पाठक और उत्तर प्रदेश डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष आशीष भदौरिया ने पहुंचकर आंदोलन को समर्थन दिया।
धरने में पंकज अग्निहोत्री, अजीत सिंह, पुष्पराज गौतम, संतोष सिंह, पुनीश कुमार, तरुण कुमार, रईस खान, अपूर्व अग्निहोत्री, प्रवीण कुमार, सिद्धार्थ, सुभाष खन्ना आदि शामिल हुए।