स्वदेशी से रंगीन होगा पर्व
इस बार स्वदेशी पिचकारी ही बाजार में छाई। चीनी उत्पाद नजर नहीं आ रहे हैं। होली के त्योहार पर अभी कुछ दुकानें ही बाजार में लगी हैं। जल्द ही सदर बाजार, बहादुरगंज, जलालगर बजरिया, स्टेशन रोड, चौक आदि में दुकानें की भरमार होगी।
व्यापारी अमन गुप्ता ने बताया कि बड़ों में तो गुलाल सिलिंडर और इलेक्ट्रानिक गन की सबसे ज्यादा मांग है। बच्चों के लिए विभिन्न तरह की पिचकारी बाजार में आई हैं। कम से लेकर ज्यादा कीमत तक की पिचकारी उपलब्ध है। व्यापारी शिवम गुप्ता ने बताया कि होली के लिए कई तरह की पिचकारी आई है। बच्चे कार्टून, गदा और त्रिशूल आदि वाली पिचकारी को पसंद कर रहे हैं। बड़ों के लिए टैंक आदि आए हैं। खरीदारी का दौर भी शुरू हो गया है।