बीपीएल कार्डधारक अथवा छह हजार से कम मासिक आय वालों के लिए खुशखबरी है। प्रदेश सरकार का नगरीय रोजगार एवं गरीबी उन्मूलन कार्यक्रम विभाग उक्त श्रेणी में आने वाले लोगों का नि:शुल्क आवास बनाकर देगा। हालांकि इसके लिए लाभार्थी को आवास निर्माण के लिए भूमि स्वयं उपलब्ध करानी होगी। नगर पालिका ने योजना को मूर्त रूप देने के लिए कार्रवाई शुरू कर दी है।
अल्पसंख्यक बाहुल्य एवं मलिन बस्तियों में रहने वाले लोगों का जीवन स्तर उठाने को शुरू की गई ‘आसरा आवास इन सी टू’ नाम की इस योजना का लाभ उठाने के लिए लाभार्थी को एक निश्चित प्रारूप पर आवेदन करना होगा। इसमें पात्रता संबंधी अन्य कागजात भी संलग्न होंगे। साथ ही उसे 25 वर्ग मीटर जमीन उपलब्ध करानी होगी। नगर पालिका में जमा होने वाले उक्त आवेदन डूडा कार्यालय में पहुंचने के बाद आवास निर्माण करने वाली संस्था सीएनडीएस लाभार्थी की जगह का सर्वे करने के बाद मकान का निर्माण शुरू कर देगी। जमीन नगर क्षेत्र सीमा में कही भी हो सकती है। आवास तीन लाख 94 हजार की लागत से बनाया जायेगा। इसमें एक कमरा तथा बरामदा, बाथरूम, टॉयलेट के साथ ही किचन की व्यवस्था होगी। पात्रों में पंजीकृत रिक्शा चालक तथा स्वच्छकार पेशे से विमुक्त हो चुके लोग भी शामिल रहेंगे। शासन ने योजना में शामिल होने वालों की कोई संख्या निर्धारित नहीं की है। पात्रता की शर्तें पूरी करने वाले सभी को इसका लाभ मिलेगा। इसके लिए पालिका ने आवेदन लेना शुरू कर दिये है।
जल्द ही 350 आवासों का और होगा निर्माण
इन सी टू के अलावा सरकार की आसरा आवास योजना के तहत नगर पालिका 350 आवासों का और निर्माण कराएगी। इसमें लाभार्थी को जमीन भी नहीं देनी होगी। इस योजना का लाभ गरीबों को देने के लिए पालिका ने करीब 14 बीघा जमीन का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेज दिया है। जमीन का सर्वे होने के बाद बहुमंजिला आवासों का निर्माण शुरू हो जायेगा। इस योजना की पात्रता में उक्त श्रेणी के लोग ही शामिल हो सकेंगे।