शाहजहांपुर। सभी 15 ब्लॉक प्रमुख की सीट पर कब्जा करने के बाद अब भाजपा का उत्साह चरम पर है। वहीं समाजवादी पार्टी के लिए चुनाव एक बुरे सपने सरीखा रहा। सिर्फ जैतीपुर और तिलहर में सपा प्रत्याशी थोड़ी टक्कर देते दिखे मगर बाकी जगहों पर मुकाबला बिलकुल एकतरफा रहा।
जिला पंचायत अध्यक्ष और ब्लॉक प्रमुख के चुनाव के दौरान माना जा रहा था कि भाजपा की अंतरकलह और असंतुष्ट प्रत्याशी उसे भारी पड़ेंगे लेकिन परिणाम ने सारी आशंकाओं पर पानी फेर दिया। जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए भाजपा से तीन लोगों ने आवेदन किया था। जबकि ब्लॉक प्रमुख के लिए 15 ब्लॉक से लगभग 50 आवेदन पार्टी के पास पहुंचे थे। ऐसे में आशंका थी कि टिकट न मिलने पर पार्टी में भितरघात हो सकती है। इसके मद्देनजर पार्टी के पदाधिकारियों को मोर्चे पर लगाया गया। सभी असंतुष्टों को मनाया गया। बाद में पार्टी पूरी ताकत से लड़ी। जिला पंचायत अध्यक्ष निर्विरोध कराने की न केवल अपनी जिद पूरी की बल्कि दस ब्लॉक प्रमुख चुनाव भी निर्विरोध करा दिए। वहीं समाजवादी पार्टी पूरी तरह से बिखरी नजर आई।
जिलाध्यक्ष तनवीर खां अकेले पूरे मोर्चे पर जूझते दिखे। सबसे बुरा हाल जलालाबाद विधानसभा क्षेत्र का दिखा। जलालाबाद, मिर्जापुर, कलान में पार्टी को प्रत्याशी ढूंढे नहीं मिला। नतीजे में बगैर लड़े भाजपा तीनों जगह निर्विरोध ब्लॉक प्रमुख बनवाने में कामयाब रही।
जैतीपुर ब्लॉक प्रमुख के चुनाव में पूर्व विधायक राजेश यादव के जोर लगाने से प्रत्याशी ने भाजपा को कड़ी टक्कर दी। तिलहर में भी मुकाबला करीबी रहा।
भारतीय जनता पार्टी के मूल विचार अंत्योदय की अवधारणा को देश की जनता ने स्वीकार कर लिया है। अब देश की जनता भाजपा की विचारधारा के साथ चल रही है। इसीलिए जिले की सभी 15 ब्लॉकों में भाजपा के प्रमुख बने हैं। पार्टी के सभी जनप्रतिनिधियों, पदाधिकारी, कार्यकर्ताओं और जनता ने पूरा सहयोग किया। इसके लिए सभी को बधाई। - हरिप्रकाश वर्मा (जिलाध्यक्ष) भाजपा शाहजहांपुर
भाजपा ने सत्ता का दुरुपयोग कर लोकतंत्र की हत्या की है। ब्लॉक प्रमुख के प्रत्याशियों को हर तरीके से डराया-धमकाया गया। इसके बावजूद समाजवादी पार्टी ने पूरी ताकत से भाजपा का मुकाबला किया। 15 जुलाई को सपा राष्ट्रीय अध्यक्ष के आह्वान पर तहसील स्तर पर धरना-प्रदर्शन का आयोजन किया जाएगा। -तनवीर खां, जिलाध्यक्ष सपा
भाजपा द्वारा पहले जिला पंचायत अध्यक्ष और अब ब्लॉक प्रमुख के चुनाव के दौरान सत्ता व धनबल का खूब दुरुपयोग किया गया। इन चुनावों के दौरान हो रही हिंसा भाजपा की गलत नीतियों का नतीजा है। बसपा सुप्रीमो मायावती ने इन दोनों अप्रत्यक्ष चुनाव को नहीं लड़ने का फैसला किया था। -जदुवीर गौतम, जिलाध्यक्ष, बसपा
जब प्रशासन और पुलिस के अधिकारी भाजपा कार्यकर्ता की तरह कार्य करेंगे तो एकपक्षीय नतीजे आना स्वाभाविक है। भाजपा के राज में अधिकारियों ने विरोधी पक्ष के उम्मीदवारों को किस तरह डराया-धमकाया, यह पंचायत चुनाव के पहले चरण से किसी से छिपा नहीं रहा। पहले प्रधानी के चुनाव, फिर जिला पंचायत अध्यक्ष के निर्वाचन और अब ब्लॉक प्रमुख के चुनाव में सत्ता का खुला दुरुपयोग किया गया। भाजपा ने लोकतंत्र को लगभग खत्म कर दिया है। इसीलिए कांग्रेस ने इस चुनाव से खुद को अलग रखा। -रजनीश कुमार गुप्ता, जिलाध्यक्ष,कांग्रेस
यह रही ब्लॉक प्रमुख चुनाव की स्थिति
निर्विरोध
1.जलालाबाद-लता सिंह
2.कलान-रुचि वर्मा
3.मिर्जापुर-प्रियांशु रघुवंशी
4.कटरा-खुदागंज-अर्चना गुप्ता
5.पुवायां-नीलम देवी
6.खुटार-नमित दीक्षित
7.निगोही-सचिन वर्मा
8.ददरौल-मुनेश्वरदयाल
9.मदनापुर-महेशपाल सिंह
10. कांट-श्रीदत्त शुक्ला
चुनाव के बादविजयी प्रत्याशी
1. भावलखेड़ा-राजाराम 86 वोट से जीते
2. जैतीपुर-सपना कश्यप सात वोट से जीतीं
3. सिंधौली-मछला सिंह 29 वोटों से जीतीं
4. तिलहर-कविता यादव सात वोट से जीतीं
5. बंडा-ओमकार- 57 वोटों से जीते