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अलग-अलग मुद्दों पर भड़की भाकियू ने लगाया जाम

Wed, 30 Sep 2015 10:59 PM IST
शाहजहांपुर।
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किसानों को धान का समर्थन मूल्य और कर्ज माफी का लाभ देने की मांग को लेकर भाकियू अजीत गुट के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को कचहरी तिराहे पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। इसको देखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने भारी वाहनों का रूट शहर की ओर डायवर्ट किया तो खिरनीबाग चौराहे से सदर बाजार और टाउन हाल तक वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। अतिरिक्त मजिस्ट्रेट ने भाकियू कार्यकर्ताओं से ज्ञापन लेने के बाद जाम खुलवा दिया।
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भाकियू कार्यकर्ता बुधवार को पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस परिसर में इकट्ठे हुए और वहीं पंचायत की। इसमें किसान हित की मांगों की उपेक्षा करने का आरोप शासन-प्रशासन पर लगाया। पंचायत की अध्यक्षता कर कर रहे जिलाध्यक्ष अजीत सिंह ने कहा कि रबी के सीजन में नुकसान सहने वाले किसान अब सूखा के खतरे से परेशान होकर आत्महत्याएं कर रहे हैं, लेकिन भाकियू इसे सहन नहीं करेगी।
उन्होंने केंद्र और प्रदेेश सरकार द्वारा किसानों को धान की लागत का ढाई गुना समर्थन मूल्य दिए जाने संबंधी घोषणाओं का हवाला देकर सरकार से घोषित समर्थन मूल्य के विपरीत मंडियों में धान 800 से 900 रुपये क्विंटल खरीदे जाने का आरोप लगाया। जिला उपाध्यक्ष शिशुपाल सिंह और श्रीपाल सिंह कोगी ने कहा कि तीन अक्तूबर तक जिले में धान की सरकारी खरीद शुरू नहीं होने पर कार्यकर्ता उग्र आंदोलन छेड़ने को बाध्य हो जाएंगे।
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पंचायत के दौरान वहां ज्ञापन लेने कोई प्रशासनिक अधिकारी नहीं पहुंचा तो पदाधिकारियों ने सड़क पर उतरने का ऐलान कर दिया। भाकियू नेताओं की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने कचहरी तिराहे पर प्रदर्शन कर जाम लगा दिया। नामांकन प्रक्रिया के मद्देनजर कलक्ट्रेट के सामने से होकर खिरनीबाग चौराहे की ओर जाने वाले पर बैरीकेडिंग होने से लोधीपुर पुल की ओर से आने वाला भारी वाहनों का ट्रैफिक खिरनीबाग चौराहे से सदर चौराहा की ओर मोड़ दिया गया।
इसका नतीजा यह हुआ कि खिरनीबाग से सदर चौराहा और टाउनहाल तक जाम लग गया। वाहनों की कतारें पुराने ओवरब्रिज तक पहुंच गईं। इससे रिक्शा, कार आदि छोटे वाहन भी जाम में फंस गए। इसका पता लगने पर अतिरिक्त मजिस्ट्रेट जय प्रकाश पुलिस के साथ लेकर कचहरी तिराहे पर पहुंचे। उन्होंने मुख्यमंत्री और डीएम के नाम संबोधित ज्ञापन लेकर भाकियू कार्यकर्ताओं को शांत किया। इसके बावजूद शहरी यातायात बहाल होने में करीब एक घंटा लग गया। प्रदर्शन और चक्का जाम में भाकियू नेता रामप्रताप वर्मा, बृज किशोर मिश्र, श्याम बाबू प्रजापति, शिव सरन, किशोर सिंह, रेनू देवी, मुन्नी देवी, मिथिलेश कुमारी, कलावती, रामदेवी, नूरबानों, रामरहीस मौर्य, जाकिर हुसैन, प्रदीप कुंमार, सर्वजीत सिंह, प्रदीप शुक्ला, सुशीला देवी, रामप्रताप मौर्य, रेहाना बानों, राजाराम, रामकुमार शंखवार आदि शामिल रहे।

ये हैं प्रमुख मांगें
किसानों के 50 हजार रुपये तक के कर्ज माफ करने, मंडियों में धान का समर्थन मूल्य दिलाने, सिंचाई के लिए नलकूपों को निशुल्क बिजली देने, जिले को सूखा ग्रस्त घोषित करके बकाया राजस्व की वसूली रोकने, पंजाब के पैटर्न पर धान की खरीद कराने, साठा धान के उत्पादन पर तत्काल रोक लगाने, नहरों के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाने, ग्रामीण क्षेत्रों में 16 घंटे बिजली देने आदि मांगें है।

पुवायां-मोहम्मदी मार्ग पर की सरकार के खिलाफ नारेबाजी
पुवायां। भाकियू के केंद्रीय नेतृत्व के आह्वान पर बुधवार को किसानों ने पुवायां-मोहम्मदी मार्ग पर चक्का जाम कर केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। चक्का जाम की जानकारी पाकर कोतवाली प्रभारी राजकुमार यादव मौके पर पहुंचे। उनकी किसानों से जमकर नोकझोंक हुई।
भाकियू के नेतृत्व में तमाम किसान मोहम्मदी रोड पर एकत्र हुए और चक्का जाम कर केंद्र और प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन में लागत मूल्य नहीं मिलने पर आत्महत्या करने वाले किसानों को मुआवजा, किसानों की कर्ज माफी, फसलों की क्षति का मुआवजा, समर्थन मूल्य केंद्र सरकार की ओर से निर्धारित किए जाने की मांग की गई है। अनिल सिंह यादव ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार इस पर चुप्पी साधे बैठी हैं। इस कारण केंद्रीय नेतृत्व के निर्णय पर चक्का जाम किया गया है। जानकारी पाकर पहुंचे कोतवाली प्रभारी ने जाम खोलने को कहा तो उनकी कार्यकर्ताओं से नोकझोंक हो गई। इसके बाद उन्होंने ज्ञापन लिया।
मुख्यमंत्री के नाम एक अन्य ज्ञापन में मंडी समिति में किसानों के लिए टिन शेड खाली कराने, गांव चठिया बहादुरपुर से भरसंडा तक मंडी समिति के माध्यम से रोड बनवाए जाने, समाजवादी सहित अन्य पेंशन योजना में प्रतिमाह एक हजार रुपये देने आदि मांगें की गई हैं। ज्ञापन पर अनिल सिंह यादव, मनोज यादव, मंदीप सिंह, सर्वेश, श्रीकृष्ण जाटव, विनोद राठौर, रामबहोरे राठौर, संतोष तिवारी, रामाधार, सुखविंदर सिंह सहित तमाम लोगों के हस्ताक्षर हैं।

शोषण के खिलाफ मंडी गेट किया जाम
बंडा। केंद्रीय नेतृत्व के आह्वान पर भाकियू के जिला प्रवक्ता रंजीत सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने मंडी गेट पर रोड जाम कर प्रदर्शन किया। इस दौरान रंजीत सिंह ने केंद्र सरकार की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी ने देश भर के किसानों से अपने घोषणा पत्र के माध्यम से कहा था कि सरकार बनने पर किसानों को उनकी लागत मूल्य में 50 प्रतिशत मुनाफा जोड़कर दिया जाएगा। मगर अभी तक कोई भी कृषि नीति नहीं बनाई गई। किसान पहले की अपेक्षा कई गुना कर्ज में डूब गया है। महासचिव दिलबाग सिंह ने कहा कि कुछ आढ़ती और राइस मिलर किसानों के साथ खुलेआम ठगी कर रहे है। नायब तहसीलदार ने मौके पर पहुंचकर किसानों को आश्वासन देकर जाम खुलवाया। इस दौरान त्रिलोक सिंह, गंगादीन, गुरदीप सिंह, सुखविंदर सिंह, सुरेश सिंह, पुत्तूलाल, कृष्णपाल, गोकुल चंद्र, दिलबाग सिंह आदि मौजूद रहे।
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