कलक्ट्रेट परिसर में ज्ञापन देने जातीं जिला आशा संगठन की वर्कर। संवाद
शाहजहांपुर। ऑल इंडिया आशा बहू कल्याण समिति की सदस्यों ने डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह को शिकायती पत्र सौंपा। इसमें आशा वर्करों को तीन वर्ष का बकाया भुगतान दिलाए जाने, कुष्ठ खोज अभियान व फाइलेरिया अभियान की सूची की जांच किए जाने की मांग की।
जिलाध्यक्ष कमलजीत कौर ने आरोप लगाया कि भावलखेड़ा स्थित सीएचसी के प्रभारी चिकित्साधिकारी व वीसीपीएम ने आशा वर्करों का कई वर्षों का भुगतान रोक रखा है। बताया कि आभा आईडी व सी-बैक फार्म का भुगतान भी रोका हुआ है। इसके साथ ही तीन वर्षों से टीबीआई, दो वर्षों से राज्य बजट, चार वर्षों से साड़ी बाउचर, आयुष्मान कार्ड बनाने, फाइलेरिया अभियान, पल्स पोलियो अभियान 2024, कुष्ठ खोज अभियान, दस्तक संचारी अभियान का भी भुगतान रोका गया है।
एक सुपरवाइजर पर आशा वर्कर से अभद्रता करने का आरोप भी लगाया। कहा कि सीएचसी में धरना देने के दौरान सुपरवाइजर ने आशा वर्कर का फोन छीन लिया। ज्ञापन देने वालों में सुनीता त्रिपाठी, रवींद्रा, अनीता सिंह, सरोजनी देवी, रूपवती, मीरा देवी सहित बड़ी संख्या में आशा वर्कर मौजूद रहीं। संवाद