शाहजहांपुर। 40 से कम छात्र संख्या वाले 271 विद्यालयों को विलय करने का आदेश जारी कर दिया गया है। इनमें दो किलोमीटर से ज्यादा दूरी होने पर बीडीओ और बीईओ की जांच आख्या के आधार पर संशोधन भी किया जाएगा।
गर्मी का अवकाश खत्म होने के बाद स्कूलों को विलय करने के कार्य ने तेजी पकड़ ली है। बीएसए ने करीब 271 स्कूलों का आदेश जारी कर दिया है। हालांकि अब भी आपत्ति की जा सकती है। दो किलोमीटर या अन्य बाधा होने की शिकायत आने पर टीम बनाई गई है।
बीडीओ और बीईओ से जांच कर आख्या मांगी जाएगी। इसके बाद अग्रिम कार्रवाई होगी। दो किलोमीटर से ज्यादा दूरी होने पर विलय नहीं किया जाएगा।
बीएसए दिव्या गुप्ता ने बताया कि किसी की आपत्ति आने पर विचार किया जाएगा। आदेश जारी होने के बाद कई स्कूलों से शिकायत दर्ज कराने पर जांच की गई और आदेश में संशोधन किया गया है।
धनेली महेश गांव में विलय का विरोध
तिलहर। गांव धनेली महेश में प्राथमिक विद्यालय विलय होने के बाद अभिभावकों ने बच्चों के साथ प्रदर्शन किया। अभिभावकों का कहना है कि नियमों के विपरीत विद्यालय का विलय होने पर ढाई से तीन किलोमीटर दूर पढ़ने जाने को मजबूर होना पड़ेगा। यहां के बच्चों को गोपालपुर जदीद प्राथमिक विद्यालय में पढ़ने जाना पड़ेगा। ग्रामीणों ने बताया कि काफी प्रयासों के बाद लगभग 20 साल पहले गांव में प्राथमिक विद्यालय के रूप में शिक्षा की किरण पहुंची थी, जिसे विद्यालय विलय की नीति से फिर से बुझाने का प्रयास किया जा रहा है। वर्तमान में स्कूल में 42 बच्चों का नामांकन हैं। संवाद
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स्कूलों में बनाए जाएंगे प्री-प्राइमरी केंद्र व पुस्तकालय
विलय के बाद बंद होने प्राथमिक स्कूलों को बंद नहीं किया जाएगा। बल्कि यहां पर प्री प्राइमरी आंगनबाड़ी केंद्र व पुस्तकालय बनाए जाएंगे। इसके लिए ईसीसीई एजुकेटर व अनुदेशकों की भर्ती की जाएगी। स्कूलों के विलय होने के बाद खाली भवन में आंगनबाड़ी केंद्र में प्री प्राइमरी कक्षाएं चलाई जाएगी। इसके लिए 153 ईसीसीई एजुकेटर, 40 अनुदेशक समेत 208 कर्मियों की भर्ती की जाएगी। इसका विज्ञापन निकालने के लिए तैयारी शुरू हो गई है।