पुवायां (शाहजहांपुर)। शासन-प्रशासन गेहूं खरीद में पारदर्शिता के दावे कर रहा है। किसान क्रय केंद्रों पर जाने के बजाय अपना गेहूं कारोबारियों को बेच रहे हैं। बावजूद इसके क्रय केंद्रों पर गेहूं के ढेर लगे हैं। पुवायां मंडी में तमाम ढेर लगे होने से और गेहूं रखने की जगह नहीं है। हालांकि वहां नाममात्र को किसान दिखते हैं। किसानों का कहना है कि गेहूं लेकर मंडी पहुंचते ही दलाल घेर लेते हैं, जो 18 सौ रुपये तक में गेहूं तत्काल बिकवा देने की बात करते हैं।
सत्यापन में अवैध वसूली, वीडियो वायरल
गेहूं खरीद में इस बार नए नियम लागू होने से तमाम किसानों की परेशानी बढ़ गई है। सौ क्विंटल से कम गेहूं होने पर ऑनलाइन पंजीकरण से ही सत्यापन हो जाता है। सौ क्विंटल से अधिक गेहूं बिक्री करने के लिए किसान को तहसील जाकर सत्यापन कराना पड़ता है, वहीं तीन सौ क्विंटल से अधिक गेहूं होने पर सत्यापन एडीएम के स्तर से होता है। सत्यापन के लिए तहसील में किसानों की भीड़ जुट रही है। सत्यापन के नाम पर रुपये वसूले जाने का एक वीडियो भी वायरल हो रहा है। इसमें किसान से एक कर्मचारी सत्यापन के नाम पर रुपये लेता दिख रहा है।
पीसीएफ के केंद्र प्रभारी रहे गायब
मंगलवार दोपहर बाद पुवायां मंडी में लगे पीसीएफ के क्रय केंद्र प्रभारी पुनीत शर्मा नहीं मिले। यहां तौल भी बंद थी। श्रमिक खाली बैठे थे। श्रमिकों ने बताया कि सेंटर प्रभारी ई पॉश मशीन सही कराने गए हैं। वहीं पास में लगे पीसीयू के सेंटर प्रभारी ब्रजभान सिंह ने बताया कि उनके सेंटर पर 25 किसानों से 2415 क्विंटल गेहूं खरीदा जा चुका है।
केंद्र पर गेहूं के ढेर, किसान गायब
मंडी में लगे पीसीयू के कृषि विपणन संघ लिमिटेड लखनऊ के केंद्र प्रभारी अभिषेक मिश्रा ने बताया कि उनके सेंटर पर अब तक 63 किसानों से 4032 क्विंटल गेहूं खरीदा जा चुका है। सेंटर पर गेहूं के तमाम ढेर लगे मिले, लेकिन किसान गायब थे। सेंटर प्रभारी ने बताया कि कई किसान गेहूं उतारने के बाद घर चले जाते हैं।
एसडीएम ने किया सेंटरों का निरीक्षण
एसडीएम सतीश चंद्रा ने मंगलवार को बंडा मंडी में क्रय केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें सेंटरों पर तौल होती मिली। किसानों ने गेहूं बेचने में आ रही दिक्कतों से एसडीएम को अवगत कराया। एडीएम ने सेंटर प्रभारियों को निर्देश दिए कि खरीद में पारदर्शिता रखी जाए और बारी आने पर ही किसान का गेहूं तौला जाए। टोकन सिस्टम से इतर खरीद करने पर कार्रवाई की जाएगी।
सेंटरों का रोजाना निरीक्षण किया जा रहा है। कहीं कोई शिकायत मिलती है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी। सत्यापन में किसान को कोई समस्या नहीं होगी। - सतीश चंद्रा, एसडीएम पुवायां