तिलहर। मंगलवार को कोतवाली पर पुलिस और औषधि निरीक्षक की मौजूदगी में मेडिकल स्टोर स्वामियों की बैठक हुई। बैठक में चोरी छुपे नशीली दवाई बेचने वाले दुकानदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने की चेतावनी दी गई।
पुलिस उपाधीक्षक परमानंद पांडे, औषधि निरीक्षक देश बंधु विमल व प्रभारी निरीक्षक प्रवीन सोलंकी की मौजूदगी में मेडिकल स्टोर स्वामियों की बैठक में नशीली दवाएं किसी भी कीमत पर न बेचने का निर्णय लिया गया।
इस अवसर पर औषधि निरीक्षक देशबंधु विमल ने मेडिकल दुकानदारों को नसीहत देते हुए कहा कि सभी लोग अपनी दुकानों में वेटनरी, एक्सपायरी तथा नशीली दवाओं की अलग-अलग अलमारी बनाएं। नशीली दवाएं बेचने का लाइसेंस लेने के साथ ही पूरा स्टॉक रजिस्टर पर मेंटेन करके रखें। इसके साथ ही बिना डॉक्टर के पर्चे के नशीली दवाओं की बिक्री न करें। दवा बेचने के दौरान डॉक्टर के पर्चे की फोटो कॉपी भी अपने पास सुरक्षित रखें। ऐसा न करने पर संबंधित के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस उपाधीक्षक परमानंद पांडे ने कहा कि नशीली दवाओं के प्रयोग से युवा और बच्चे नशेड़ी बन रहे हैं, ऐसे युवा पहले छोटे-मोटे अपराध करते हैं और फिर बड़े अपराधी बन जाते हैं। परमानंद ने कहा कि तिलहर पुलिस को ऐसे कई युवा मिले जो नशे की हालत में अपराध कर रहे थे। इसके साथ ही उन्होंने कोतवाली प्रभारी प्रवीन सोलंकी की सराहना करते हुए कहा कि उनके द्वारा मेडिकल संचालकों से इस संवेदनशील मुद्दे पर सीधी वार्ता करना समाज के हित में है।
प्रवीन सोलंकी ने भी मेडिकल संचालकों को निर्देशित किया कि वह शासन प्रशासन को सहयोग करें। बिना लाइसेंस की नशीली दवाओं की बिक्री न करें, यदि वह ऐसा करते पाए जाते हैं तब उनके विरुद्ध एनडीपीएस की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
बैठक में प्रमुख रूप से मेडिकल स्टोर स्वामी रेखा खलीक खां, अमान अंसारी, जावेद अंसारी, फिरोज, वसीम, मनोज, फिरोज, दीनदयाल, राजवीर गंगवार ,अफरोज खान ,सोनू आदि मेडिकल संचालक मौजूद रहे।