अभिनव वर्मा का फाइल फोटो। स्रोत : परिजन
शाहजहांपुर के तिलहर थाना क्षेत्र के बख्तियारपुर गांव के पास बुधवार को देर शाम गर्रा नदी में उतराते मिले युवक के शव की पहचान मोहल्ला हिंदू पट्टी में रहने वाले 30 वर्षीय अभिनव वर्मा के रूप में हुई। पुलिस के मुताबिक, अभिनव मानसिक रूप से परेशान थे। घर से निकलने से पहले उन्होंने एक पत्र भी छोड़ा था। इससे आत्महत्या की आशंका जताई जा रही है। अभिनव वर्मा के पिता राकेश वर्मा ग्राम पंचायत अधिकारी हैं।
मीरानपुर कटरा क्षेत्र के गांव तालबीपुर दिउरिया निवासी राकेश वर्मा नौकरी के सिलसिले में परिवार सहित मोहल्ला हिंदू पट्टी में रह रहे हैं। सोमवार को वह अपने कार्य से बाहर गए थे और उनकी पत्नी मीनाक्षी विद्यालय ड्यूटी पर चली गईं। इसी दौरान अभिनव परिवार के अन्य लोगों को बिना बताए घर से निकल गए।
बाद में घर से उनका एक पत्र भी मिला, जिसमें उन्होंने अपने भाई को पढ़ाई पर ध्यान देने और सफलता हासिल करने पर जोर दिया। परिजनों ने काफी तलाश के बाद भी अभिनव का कुछ पता नहीं चलने पर थाने में उनकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी। बुधवार शाम को बख्तियारपुर के पास गर्रा नदी किनारे किसानों ने एक युवक का शव उतराता देख पुलिस को सूचना दी। परिजनों ने शव की शिनाख्त अभिनव के रूप में हुई।
मानसिक रूप से परेशान थे अभिनव
अभिनव के घरवाले उसका शव देखकर बिलख उठे। पारिवारिक सूत्रों के अनुसार अभिनव इंंजीनियर थे, लेकिन पिछले कुछ समय से मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे। पोस्टमाॅर्टम के बाद शव गांव पहुंचने पर परिजनों में कोहराम मच गया। शाम करीब चार बजे उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। अभिनव की मौत से उनके माता-पिता सहित भाई-बहन का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि युवक मानसिक रूप से परेशान था और घरवाले किसी पर कोई आरोप नहीं लगा रहे है।