शाहजहांपुर में पोषण पोटली के साथ नीलम गुप्ता व अन्य। स्रोत: स्वयं
शाहजहांपुर। जिले को क्षय रोग (टीबी) मुक्त बनाने की मुहिम में कुछ महिलाएं अपने स्तर से योगदान दे रही हैं। ये महिलाएं न सिर्फ मरीजों को पोषण पोटली उपलब्ध करा रही हैं, बल्कि उन्हें बीमारी से लड़ने के लिए हौसला भी दे रही हैं। करीब ढाई साल से चल रहे इस प्रयास के तहत हर महीने 30 क्षय रोगियों को पोषण सामग्री दी जाती है।
स्वयंसेवी संस्थान उड़ान में सात महिलाएं शामिल हैं। समूह की अध्यक्ष नीलम गुप्ता, उपाध्यक्ष डॉ. संगीता मोहन, सचिव रेखा मोदी और सह सचिव सोनिया गुप्ता व रश्मि गुप्ता आदि मुहिम में सक्रिय हैं। महिलाओं की टोली हर महीने क्षय रोगियों के पोषण का ध्यान रखते हुए उन्हें भुना चना, गुड़, प्रोटीन पाउडर, मूंगफली, साबुत मूंग और सफेद तिल जैसी सामग्री उपलब्ध कराती है। यह पोषण पोटली मरीजों को उपचार के दौरान पौष्टिक आहार लेने में मदद करती है। मरीजों का चयन स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से पीएचसी और सीएचसी स्तर पर किया जाता है। नीलम बताती हैं कि समूह की महिलाएं प्रति महीने आर्थिक योगदान करती हैं।
नीलम ने बताया कि वह अपनी पॉकेट मनी से अतिरिक्त धनराशि भी लगाती हैं। उनका प्रयास है कि क्षय रोगियों को पोषण सहायता के साथ समय पर जांच, नियमित दवा और उपचार पूरा करने के प्रति भी जागरूक किया जाए, ताकि शहर को क्षय रोग मुक्त बनाने के लक्ष्य में सहयोग मिल सके।