मदनापुर के बरुआ पट्टी सनायक में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में प्रसंग सुनाते कथाव्यास योगेश दीक्षि
मदनापुर। बरुआ पट्टी सनायक में देवी मंदिर परिसर में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन सोमवार को कथा व्यास योगेश दीक्षित ने प्रहलाद चरित्र, वामन अवतार, समुद्र मंथन और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव का मनोहारी वर्णन किया।
उन्होंने बताया कि बहन देवकी की वासुदेव के साथ विदाई करते वक्त कंस को आकाशवाणी सुनाई दी कि देवकी का आठवां पुत्र तुम्हारा काल बनेगा। इस पर कंस ने वासुदेव और देवकी को कारागार में डालकर उनकी छह संतानों की हत्या कर दी। सातवां पुत्र रोहिणी के गर्भ में गया और आठवें पुत्र के रूप में श्रीकृष्ण का जन्म हुआ।
वासुदेव टोकरी में रखकर श्रीकृष्ण को नंद जी के यहां ले गए और यशोदा के पास से उनकी पुत्री ले आए। इस बीच गोकुल में भव्य नंदोत्सव मनाया गया। नंद जी के आंगन में बजे बधाई गीत और भजन सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। कथा श्रवण में अनिल दीक्षित, कमलेश दीक्षित, रमाकांत, वीरेंद्र कुमार, अवधेश सिंह आदि श्रद्धालु शामिल रहे। संवाद