अपर जिला मजिस्ट्रेट (प्र0) एमएन उपाध्याय ने अपने न्यायालय में खाद्य सुरक्षा के दायर वादों की सुनवाई करते हुए दो मामलों में बृहस्पतिवार को फैसला सुनाया। खाद्य मानक की कसौटी पर फेल पाए गए लौज और पनीर के नमूने के मामले में दोनों कारोबारियों पर 85-85 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, आशीष गुप्ता निवासी बिरिसागंज तिलहर के विरुद्ध बीती तीन मार्च को छापामार अभियान टीम द्वारा बड़ा बाजार चौराहा तिलहर स्थित जवाहर मिष्ठान भंडार का निरीक्षण किया गया। दुकान में पनीर मेें मिलावट के संदेह होने पर एक किलोग्राम पनीर को जांच के लिए खरीदा, जिसे जांच हेतु खाद्य विश्लेषक लखनऊ के पास भेजा गया। जांच रिपोर्ट में पनीर अधोमानक पाया गया। उसके आधार पर दुकानदार को नोटिस जारी किया गया। दुकानदार द्वारा जवाब दाखिल किया गया। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने भी अपना जवाब दाखिल किया। दोनों पक्षों के तर्कों को सुनते हुए अधोमानक खाद्य पदार्थ पनीर को विक्त्रस्य किये जाने का दोषी पाते हुए उस पर 85 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।
उसी प्रकार राजेश कश्यप निवासी मोहल्ला देवस्थान पुवायां की जेवां रोड पर स्थित श्री हंस स्वीट्स का निरीक्षण टीम द्वारा किया गया। मौके से मिल्क से बनी लौज का नमूना क्त्रस्य किया गया। नमूना को सील मुहर करके खाद्य विश्लेषक वाराणसी को भेजा गया। रिपोर्ट में लौज अधोमानक पाई गई। दुकानदार अपने द्वारा बेची गई खाद्य पदार्थ लौज को मानकयुक्त सिद्ध नहीं कर सका। इस सुनवाई उपरांत 85 हजार रुपये का जुर्माना किया गया।