दोहरे प्रोन्नति वेतनमान, पुरानी पेंशन व्यवस्था की बहाली आदि मांगों को लेकर विभिन्न विभागों के राज्य कर्मचारियों ने 23 फरवरी से प्रस्तावित हड़ताल सफल बनाने को कमर कस ली है। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद की बृहस्पतिवार को कोषागार परिसर में हुई गेट मीटिंग में वक्ताओं ने कर्मचारियों से हड़ताल को लेकर एकजुटता बनाए रखने का अनुरोध किया।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए परिषद के जिलाध्यक्ष अनिल दीक्षित ने कर्मचारियों को एकजुट बनाए रखने के लिए विभाग वार गेट मीटिंग की तिथियां घोषित करते हुए कहा कि गेट मीटिंग की सफलता से ही हड़ताल की कामयाबी तय होगी। संरक्षक अजय सिंह वर्मा ने कहा कि कर्मचारी संगठनों की उदासीनता के कारण दो प्रोन्नति वेतनमानों का हक छीन लिया गया। रमाकांत दीक्षित ने कहा कि सरकार ने तमाम पदों को मृतप्राय घोषित कर दिया है। इन पदों को पुनर्जीवित कराने के लिए संघर्ष करना पड़ेगा वरना विभागों मेें नियमित कर्मचारियों का अकाल पड़ जाएगा। उपाध्यक्ष दिनेश चंद्र सक्सेना ने कर्मचारियों की कैशलेस चिकित्सा सुविधा को बहाल नहीं करने के लिए सरकार को आड़े हाथों लिया।