42 बीएसएनएल टॉवरों के कनेक्शन काटे, 26 लाख वसूले
ब्लॉक कार्यालयों, थानों और अस्पतालों के कटेंगे बिजली कनेक्शन, नोटिस जारी
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर।
बकाया बिजली राजस्व की वसूली के लिए पॉवर कारपोरेशन द्वारा चलाए जा रहे कनेक्शन चेकिंग अभियान में सरकारी और निजी उपभोक्ताओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए अधिशासी अभियंता प्रथम आरबी यादव ने सदर और पुवायां तहसील के विभिन्न विकास खंडों में भारत संचार निगम लिमिटेड के 42 टॉवरों के कनेक्शन कटवा दिए। इस कार्रवाई के चलते संचार सेवाएं बाधित होते देख विभागीय अधिकारियों ने 26 लाख रुपये बकाया बिजली राजस्व जमा कर कनेक्शन जुड़वाए। इस बीच, दोनों तहसीलों के ब्लॉक कार्यालयों, पुलिस स्टेशनों और सरकारी अस्पतालों के अधिकारियों को बकाया बिजली राजस्व जमा नहीं करने पर कनेक्शन काटने के नोटिस जारी किए गए हैं।
मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक के आदेश पर एक लाख रुपये और इससे अधिक बकाया वाले सरकारी विभागों के कनेक्शन काटने का इन दिनों विशेष अभियान चलाया जा रहा है। हालांकि, निजी क्षेत्र के घरेलू और वाणिज्यिक कनेक्शनों को काटने की अधिकतम बकाया सीमा दस हजार रुपये नियत की गई है। इसी अभियान के तहत बीएसएनएल के उपखंड अभियंताओं को गत सप्ताह टावरों पर बकाया बिजली राजस्व जमा नहीं करने पर कनेक्शन काटने के नोटिस जारी किए गए थे। इन चेतावनी पत्रों को गंभीरता से नहीं लिए जाने पर टॉवरों के कनेक्शन काट दिए गए।
टेलीफोन टॉवरों के कनेक्शन कटने पर ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को सिगनल मिलने बंद हुए तो उन्होंने हायतौबा मचानी शुरू कर दी। हालांकि, कुछ क्षेत्रों में टॉवरों को जेनरेटर से चलाया गया, लेकिन अन्य तमाम स्थानों के टॉवर बंद रहने से दूरसंचार विभाग के अधिकारियों पर उपभोक्ताओं ने दबाव बनाना शुरू कर दिया। अंतत: विभागीय अधिकारियों ने शुक्रवार देर शाम तक करीब 26 लाख रुपये बकाया चुकता कर टेलीफोन टॉवरों के बिजली कनेक्शन चालू कराए। एक्सईएन ग्रामीण ने बताया कि एक लाख रुपये और इससे अधिक के 865 बाकीदारों पर 15.72 करोड़ रुपये बकाया है। इसकी वसूली के लिए 752 कनेक्शन काटने पर उनसे 62 लाख रुपये राजस्व प्राप्त हो चुका है।
उन्होंने बताया कि पुवायां, बंडा, खुटार, सिंधौली, कांट, भावलखेड़ा और ददरौल के खंड विकास कार्यालयों पर लगभग 25 लाख रुपये बकाया है। इसी तरह निगोही, बंडा, खुटार, सिंधौली, कांट और सेहरामऊ दक्षिणी पुलिस थानों से 22 लाख रुपये वसूली होनी है। एक्सईएन के अनुसार ग्रामीण क्षेत्र के सरकारी अस्पतालों पर बकाया 1.51 करोड़ रुपये की वसूली के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को नोटिस जारी होने पर सीएमओ ने लखनऊ स्थित वित्त नियंत्रक को बजट की डिमांड भेजे जाने की सूचना दी है।