फोटो- 04 से 11 तक
शहर की राहों पर बिखरे सांस्कृतिक विविधता के रंग
रुहेलखंड उत्सव के अंतिम दिन नगर में निकली रंगयात्रा
कला का प्रदर्शन करतीं मेहमान टीमों पर शहरवासियों ने बरसाए फूल
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर।
जश्न-ए-कल्चर नामक रुहेलखंड उत्सव के अंतिम दिन शुक्रवार को नगर में रंगयात्रा धूमधाम से निकाली गई। महोत्सव में प्रतिभाग करने वाली टीमें आकर्षक परिधानों और वेशभूषा में सजधज कर रंगयात्रा में शामिल हुईं। कलाकारों देशभक्ति से ओतप्रोत गीतों पर झूमते और नृत्य करते हुए शहरवासियों को अनेकता में एकता का संदेश दिया।
रंगयात्रा का शुभारंभ बाबा विश्वनाथ यात्री निवास से दोपहर को हुआ। इसके बाद सभी टीमें बड़े ही अनुशासित ढंग अपना प्रदर्शन करते हुए शहर के प्रमुख मार्गों पर निकल पड़ीं। सबसे आगे नई दिल्ली की एक टीम इंडिया गेट की आकर्षक झांकी के साथ चल रही थी। इस झांकी में जहां अमर जवान ज्योति को दर्शाया गया, वहीं शाहजहांपुर के अमर शहीद पंडित राम प्रसाद बिस्मिल, अशफाक उल्ला खां और ठाकुर रोशन सिंह को भी याद किया गया। पश्चिम बंगाल के कलाकार अपने पारंपरिक वाद्य यंत्रों और लोकनृत्य की पोशाक में सजधज कर छऊ नृत्य करते चल रहे थे। किसी टीम ने रंगयात्रा में आतंकवाद समेत अन्य सामाजिक बुराईयों की अर्थी शामिल की, तो कोई टीम कमांडो की टोली के साथ मैदान में उतरी।
भिलाई, जबलपुर, सहारनपुर के कलाकार डांस करते हुए चल रहे थे, तो किसी टीम ने अपने नाटक के पात्रों के साथ रंगयात्रा की शोभा बढ़ाई। रंगयात्रा का जगह-जगह पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। इस मौके पर बड़े वाहन पर डीजे सेट लगाकर गीतों से देशभक्ति का माहौल बनाया गया। गीतों पर झूमते कलाकार और आयोजकगण दर्शकों को आकर्षित कर रहे थे। निर्णायक मंडल के सदस्य रंगयात्रा का निर्णय तलाशते देखे गए। इससे पूर्व रंगयात्रा का शुभारंभ मीडिया कर्मियों और आयोजकों ने संयुक्त रूप से झंडी दिखाकर किया।
रंगयात्रा की व्यवस्था में आयोजन समिति के अध्यक्ष आरएस माथुर, मुख्य संयोजक सौरभ अग्निहोत्री, महामंत्री आलोक सक्सेना, सुहेल मोहम्मद, जगदीश रस्तोगी, दुष्यंत कुमार, मनोज मंजुल, शिवा सक्सेना, अतीक अहमद, विनोद दौलताबाद, रफी, शिवम श्रीवास्तव, तरुन कुमार, शिवम सिंह, संकल्प अग्निहोत्री, शिवा राणा, आदित्य कुमार, करन कुमार, शिवी गुप्ता, प्रियंका सक्सेना, रजत सिंह, अर्पित शुक्ला, अर्जुन सिंह, हर्ष कुमार, मनोज यादव, सरताज अली आदि का योगदान रहा।