शाहजहांपुर। नवीन शैक्षिक सत्र को शासन और विभाग की मंशा के अनुरूप चलाने तथा स्कूल-कॉलेजों में छात्र-छात्राओं के हित की योजनाओं की जानकारी समय पर उपलब्ध कराने के लिए डीआईओएस डॉ. केएल वर्मा ने शुक्रवार को प्रधानाचार्यों की बैठक ली। राजकीय इंटर कॉलेज में हुई बैठक में डीआईओएस ने कहा कि वर्ष 2018 की परिषदीय परीक्षा में सम्मिलित होने के लिए जिन प्रधानाचार्यों ने ऑनलाइन केंद्र निर्धारण के लिए विद्यालय संबंधी आधारभूत सूचनाएं अपलोड नहीं की हैं, वे तत्काल परिषद की वेबसाइट पर सभी सूचनाएं अपलोड कर उसका प्रिंट कार्यालय में उपलब्ध कराएं।
उन्होंने कहा कि दशमोत्तर छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति योजनांतर्गत निर्धारित समय सारिणी के अनुसार ऑनलाइन कार्यवाही करें। उन्होंने शैक्षिक पंचांग के अनुरूप पाठ्यक्रम का विभाजन कर शैक्षिक डायरी बनाने को भी कहा। साथ ही अभिभावक संघ की बैठक कर सत्र की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। डीआईओएस ने कहा कि विद्यालयों की सफाई कराकर शौचालय, स्वच्छ पेयजल तथा अन्य भौतिक संसाधनों की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की उपस्थिति के लिए बायोमैट्रिक मशीनें और कैमरे की व्यवस्था की जाए, प्रार्थना के बाद विद्यार्थियों को नियमित योगाभ्यास कराया जाए। कोई भी शिक्षक अथवा प्रधानाचार्य कोचिंग/ट्यूशन कदापि न पढ़ाएं। पंडित दीन दयाल उपाध्याय जन्म शताब्दी कार्यक्रमों में माध्यमिक शिक्षा का स्टाल लगाकर योजनाओं की जानकारी दी जाए। उन्होंने कहा कि स्कूल-कॉलेजों में परिषद से स्वीकृत विषयों की ही पढ़ाई की जाए, मान्यता से इतर कक्षाएं मिलने पर संबंधित के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। इसके अलावा हाईस्कूल की कंपार्टमेंट और इंप्रूवमेंट परीक्षा के फार्म समय से भरवाने, शिक्षण संस्थानों में पौध रोपित करने, इंस्पायर अवार्ड, विद्यार्थीवार आंकड़ा संग्रह प्रपत्र जमा करने, प्रयोगशालाओं का नियमित उपयोग करने आदि के बारे में भी दिशा निर्देश दिए गए।