शाहजहांपुर। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ से जुड़े कर्मचारियों की अनिश्चित कालीन हड़ताल पांचवें दिन भी जारी रही। इस दौरान सीएमओ कार्यालय स्थित धरना स्थल पर कर्मचारियों ने हड़ताल समाप्त करने को जारी किए गए मिशन निदेशक के आदेश की प्रतियां जलाकर विरोध प्रदर्शन किया।
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिला मंत्री दिनेश चंद्र सक्सेना ने कहा कि अगर उनकी मांगों को सरकार 28 फरवरी तक नहीं मानती है, तो स्वास्थ्य विभाग के नियमित कर्मचारी संघ की नौ शाखाओं के कर्मचारी भी आपके समर्थन में आंदोलन शुरू कर देंगे। आंदोलन के दौरान मिशन निदेशक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की ओर से आंदोलित कर्मचारियों को शांत करने को एक आदेश निर्गत किया। कर्मचारियों ने इस आदेश की प्रतियां फूंककर विरोध जताया और नारेबाजी करते हुए कहा कि एमडी की तानाशाही नहीं चलेगी, नहीं चलेगी। सोनी पटेल ने कहा कि हम दस और बारह हजार की नौकरी अन्य जनपदों में कर रहे हैं, ऐसे में घर के खर्च से लेकर बाहर तक की जिम्मेदारियों को कैसे उठाएंगे, जबकि भाजपा सरकार में मिशन इंद्रधनुष, रूटीन टीकाकरण, मिजल्स रूबैला, पोलियो जैसे अभियान एएनएम के कंधों पर ही चल रहे हैं। संतोष सिंह ने बताया कि आज से स्वास्थ्य विभाग की सभी इमरजेंसी सेवाओं को भी बंद कर दिया गया है। इसमें जननी सुरक्षा योजना के तहत डिलीवरी प्वाइंट पर काम करने वाली स्टाफ नर्स, शिशु गहन चिकित्सा केंद्र, पोषण पुनर्वास केंद्र आदि अति आवश्यक सेवाओं को भी ठप कर दिया गया है। इस दौरान प्रियंका वर्मा, शोभा अवस्थी, रश्मि वर्मा, नेहा बाजपेयी, रुचि आदि संविदा कर्मचारी मौजूद रहीं।