शाहजहांपुर। पॉवर कारपोरेशन के ककरा और सरायकाइयां स्थित पॉवर सब स्टेशनों की 11 केवी लाइनों पर बिजली का लोड बढ़ने से इन लाइनों से जुड़े कई ट्रांसफार्मरों के फ्यूज उड़ जाने से ककरा खुर्द और दलेलगंज के कई इलाकों में बुधवार रात से 11 बजे से सुबह के नौ बजे तक बिजली सप्लाई ठप हो गई। ककरा खुर्द के करीब 400 और दलेलगंज के तीन हजार घरों की बत्ती गुल होने के साथ वहां पानी का संकट भी पैदा हो गया। बिजली अभियंताओं का मानना है कि सर्दी बढ़ने के साथ रूम हीटर, ब्लोवर, इलेक्ट्रिक वार्मर आदि उपकरण बड़े पैमाने पर चलाए जाने से बिजली की खपत बढ़ गई है और इसीलिए लाइन फाल्ट की समस्या पैदा हुई।
खास यह है कि ककरा कलां के बिजली उपकेंद्र को हाल में ही पांच एमवीए का अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाकर उसे उच्चीकृत किया गया है। इससे पहले, दलेलगंज इलाके की सप्लाई को बेहतर बनाने के लिए इस क्षेत्र के फीडर को रोजा उपकेंद्र से काटकर गत वर्ष बनकर तैयार हुए सरायकाइयां के 33 केवी उपकेंद्र से जोड़ा जा चुका है, लेकिन ककरा से लेकर मिश्रीपुर और सरायकाइयां तक आबादी क्षेत्र का विस्तार होने के साथ नए मकान बनने से कनेक्शनों की संख्या बढ़ रही है और उसी अनुपात मेें बिजली खपत बढ़ने से पॉवर नेटवर्क ट्रिप होने की शिकायतों में भी इजाफा हो रहा है।
ककरा सब स्टेशन के आनंदपुरम फीडर का ट्रांसफार्मर बमुश्किल एक पखवाड़ा पहले ओवरलोडिंग की चपेट में आकर आग की भेंट चढ़ चुका है। अगले रोज वहां अधिक क्षमता का ट्रांसफार्मर लगाने बिजली सप्लाई सामान्य हो गई, लेकिन ट्रिपिंग आए दिन की समस्या है। इसी उप केंद्र से जुड़े सुभाषनगर और मामुड़ी इलाके के फीडर मेें बुधवार को शाम सात बजे से ट्रिपिंग शुरू हो गई। एक घंटे बाद वोल्टेज मेें सुधार होने पर घरों में कामकाज शुरू हुआ कि इसी दौरान प्रोफेसर कालोनी के पास खंभे के जंपर उड़ गए। लाइन स्टाफ ने यह फाल्ट ठीक किया कि थोड़ी देर बाद वहां के ट्रांसफार्मर के फ्यूज उड़ने के साथ केबल ज्वाइंट में आग लग गई।
ट्रांसफार्मर की दोनों लीड जल जाने से सुभाषनगर, मामुड़ी, ईदगाह, हद्दफ (आंशिक) आदि क्षेत्रों के सैकड़ों घरों में रात 11 बजे से सुबह नौ बजे तक बिजली सप्लाई ठप रही। उधर, दलेलगंज में डबल पोल से निकली 11 केवी लाइन में आधी रात तक ट्रिपिंग जारी रहने के बाद पछुआ हवा के झोंकों तार आपस में टकराए तो शार्ट सर्किट से लाइन ब्रेकडाउन के शिकंजे में आ गई। दिन निकलने पर यह फाल्ट ठीक किया जा सका।