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धमौरा में डिरेलमेंट, एक दर्जन ट्रेनों का रूट डायवर्जन

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धमौरा में डिरेलमेंट, एक दर्जन ट्रेनों का रूट डायवर्जन
शहीद 14 घंटे देरी से पहुंची, सत्याग्रह, जनसाधारण भी लेट
वाया चनेटी, चंदौसी होकर पास की गईं ज्यादातर ट्रेनें
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर/रोजा। रामपुर के धमौरा स्टेशन के पास बुधवार रात पैसेंजर ट्रेन के डिरेल होने से ट्रेनों के संचालन पर यहां भी असर देखने को मिला। एक दर्जन से ज्यादा ट्रेनें प्रभावित हुईं। ज्यादातर ट्रेनों को वाया चनेही, चंदौसी होते हुए पास किया गया। इससे कई एक्सप्रेस और सुपरफास्ट ट्रेनों की रफ्तार प्रभावित हुई। यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
करीब 12 घंटे के बाद बृहस्पतिवार सुबह ट्रैक क्लियर होने के बाद ट्रेनों का संचालन सामान्य हो सका। डिरेलमेंट की वजह से रूट डायवर्जन के चलते अप 14673 शहीद एक्सप्रेस 14 घंटे देरी से शाहजहांपुर पहुंची। इसके अलावा 15274 सत्याग्रह एक्सप्रेस पांच, 13020 काठगोदाम एक्सप्रेस छह, 14206 पदमावत एक्सप्रेस पांच, 14604 जनसाधारण एक्सप्रेस साढ़े पांच, 18104 टाटानगर-अमृतसर सुपरफास्ट चार घंटे देरी से पहुंची। दून एक्सप्रेस, जनता एक्सप्रेस, लखनऊ मेल, डुप्लीकेट हावड़ा मेल भी रूट डायवर्जन से प्रभावित हुईं। यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा। बृहस्पतिवार दोपहर बाद ट्रेनों का संचालन तय रूट से शुरू हुआ। हालांकि, ज्यादातर ट्रेनों टाइम टेबल पटरी पर नहीं आ सका है।
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खतरे के साढ़े चार सायरन, रोजा में मचा हड़कंप
रोजा। धमौरा में पैसेंजर ट्रेन के डिरेल होने के बाद रोजा जंक्शन पर खतरे के साढ़े चार सायरन बजे तो यहां हड़कंप मच गया। आनन-फानन में डॉक्टर, इंजीनियर आदि समेत 40 लोगों की टीम के साथ रोजा से एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन को रवाना किया गया। दरअसल, खतरे के चार सायरन तक संकेत होता है कि हादसा हुआ है पर कोई जनहानि नहीं हुई है। साढ़े चार सायरन संदेश देते हैं कि एआरटी के साथ डाक्टरों की टीम भी जानी है। जनहानि की आशंका है। एआरटी के लोको पायलट अजय ठाकुर टीम के साथ एआरटी लेकर घटना स्थल पर रवाना हो गए।
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