कठिनइया नदी का जल स्तर बढ़ा, खेतों में लगा पानी
कांटे(संतकबीरनगर )। क्षेत्र में कठिनइया नदी का जलस्तर बढ़ने से कई गांवों में धान की फसल डूब गई है। इससे किसान परेशान हैं। इसके साथ ही डारीडीहा-चंगेरा मंगेरा मार्ग पर भी पानी लग गया है। लिहाजा लोगों को आवागमन में परेशानी पैदा हो गई है।
क्षेत्र के डारीडीहा, चंगेरा मंगेरा, सेहरी, भैसा, बूधाकला, नैना आदि गांवो के बाहर खेतों में कठनईया नदी में का जल स्तर बढ़ने से पानी भर गया है। किसान रामदुलारे सिंह, मानसिंह, विनोद मौर्या, राजेंद्र मौर्या, राम सागर, महंत राजू प्रसाद, आद्या प्रसाद, हजरत अली, रामनसीब आदि ने बताया कि कठिनइया नदी का जल स्तर बढ़ने से खेतों में पानी भर गया है जिससे धान की फसल डूब गई है। इसके साथ ही बूधा चौराहे से डारीडीहा- चंगेरा मंगेरा मार्ग पर पानी लग गया है।
घाघरा नदी का जलस्तर घटने से राहत
धनघटा ( संतकबीरनगर)। घाघरा नदी एमबीडी बांध तक पहुंचने के बाद स्थिर है। नदी के जल स्तर में रविवार की सुबह पांच सेंटीमीटर गिरावट दर्ज की गई, लेकिन नदी के तलहटी में बसे गांव के लोगों में बाढ़ का भय व्याप्त है। एक सप्ताह पहले से नदी का जल स्तर 77.30 मीटर से घटते हुए शनिवार की शाम तक 79.20 मीटर पर पहुंच गया। नदी के जल स्तर में बढ़ोत्तरी होने से नदी और बांध के बीच बसे गांव चारों तरफ से बाढ़ की पानी से घिरने लगे। रविवार सुबह नदी के जल स्तर में 15 सेंटीमीटर गिरावट दर्ज किया गया और वह 79.5 मीटर पर बह रही है।