राप्ती का जलस्तर बढ़ा, कटान हुई तेज
बृहस्पतिवार को नदी सवा सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ी
लाल निशान से 1.50 सेंटीमीटर नीचे बह रही है नदी
विभागीय अधिकारी कटान रोकने में जुटे
संवाद न्यूज एजेंसी
मेंहदावल। राप्ती नदी का जलस्तर लगातार हो रही चौतरफा बारिश के कारण बढ़ रहा है। नदी का जलस्तर बढ़ने से कई स्थानों पर कटान भी देखी जा रही है। विभागीय अधिकारी कटान को रोकने के लिए बाढ़ निरोधक कार्य करा रहे हैं। तटबंध से सटे गांव में नदी के बढ़ते जलस्तर को लेकर लोगों की चिंता बढ़ गई है। वैसे नदी अभी लाल निशान से काफी नीचे है।
करमैनी-बेलौली तटबंध पर राप्ती नदी का जलस्तर कहीं-कहीं प्रभाव डाल रहा है। लगातार हो रही बारिश के कारण नदी का जलस्तर बढ़ रहा है। खतरे के निशान 79.50 सेंटीमीटर से नदी अभी नीचे है। बृहस्पतिवार को सुबह आठ बजे नदी का जलस्तर 77.80 सेंटीमीटर मापा गया। दोपहर 12 बजे नदी का जलस्तर 77.95 सेंटीमीटर पर पहुंच गया। विभागीय लोगों का कहना हैं कि नदी का जलस्तर सवा सेमी प्रतिघंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। तटबंध से सटे बेलौहा, नौगो, छपिया पराग, छपिया तिवारी, जोरवा, विशुनपुर, बढ़या, बानडुमर, डुमरियाबाबू गांव बसे हुए हैं। तटबंध ही उनकी सुरक्षा का मूल आधार है। ऐसे में लगातार नदी का जलस्तर बढ़ रहा है और विशुनपुर बांगर, नौगो व बेलौली में जलस्तर तटबंध से सटकर बह रहा है। इसको लेकर लोगों की चिंताएं बढ़ रही हैं। वैसे तो कटान स्थल नौगो में अवर अभियंता द्वारा बांस का पिंजरा झावा भरवाकर कटान रोकने का प्रयास किया जा रहा हैं।
तटबंध पूरी तरह से सुरक्षित : एसडीओ
करमैनी-बेलौली तटबंध पूरी तरह से सुरक्षित है। नदी का जलस्तर बढ़ा हुआ है, लेकिन तटबंध पर कोई दबाव नही है। आवश्यकता अनुसार कटानस्थलों पर बाढ़ निरोधक कार्य कराते हुए कटान को रोका जा रहा हैं। लगातार तटबंध की निगरानी की जा रही है।
-रामउजागिर सहायक अभियंता, ड्रेनेज खंड द्वितीय