शुक्रवार की रात आंधी के साथ बारिश हुई। इससे कई जगह जगह पेड़ ,पोल और तार गिर गए। इसकी वजह से ग्रामीण क्षेत्रों में करीब 12 घंटे तक बिजली व्यवस्था बाधित रही। विश्वनाथपुर में हरिहरपुर- महुली मार्ग पर पेड़ गिरने की वजह से करीब तीन घंटे तक आवागमन ठप रहा। लोगों को भगता गांव के रास्ते घूम कर आना जाना पड़ा। वहीं धूप और उमस भरी गर्मी से बेहाल जनजीवन को बरसात होने से राहत मिल गई।
शुक्रवार की रात करीब तीन बजे पहले आंधी आई और फिर बारिश हुई। आंधी की वजह से कई जगह पेड़ और पोल गिर गए। महुली क्षेत्र के विश्वनाथपुर में हरिहरपुर- महुली मार्ग पर आनंद पांडेय के घर के सामने एक पेड़ सड़क के बीचों गिर गया। इससे करीब तीन घंटे यातायात बाधित रहा। पेड़ की चपेट में आने से बिजली तार भी टूट गया। जिससे गांव की सप्लाई ठप हो गई। हरिहरपुर, धनघटा, हैंसर,पौली, मेंहदावल, सांथा ,सेमरियावां और बाघनगर प्रतिनिधियों के अनुसार आंधी और बारिश की वजह से कुछ जगह पोल टूट ,तार टूट जाने से बिजली व्यवस्था लड़खड़ा गई। वैसे प्रतिनिधि दिन में दस बजे तक बिजली आ जाती थी, लेकिन शनिवार को शाम तीन बजे के बाद बिजली सप्लाई हुई। सेमरियावा क्षेत्र में एक स्कूल का बाउंड्रीवाल भी ढह गया। किसान घनश्याम पांडेय, तवलचंद, दिनेश ,हरिश्चंद्र चौधरी, रामसुमेर ने कहा कि बारिश होने से खेतों में नमी आ गई है। अब खेतों की जुताई किसान कराने की तैयारी में जुट गए है। धान का बेहन डालने के लिए खेतों की जुताई बेहद आवश्यक थी, लेकिन बारिश नहीं होने की वजह से किसान परेशान थे। बारिश की वजह से गांवों में रास्ते में जहां गड्ढे बने हुए है,वहां पानी भी जमा हो गया था।